राधेश्याम राठिया जीत का प्रमाण पत्र लेते हुए।
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Raigarh lok sabha election result 2024: रायगढ़ लोकसभा सीट से बीजेपी प्रत्याशी राधेश्याम राठिया ने जीत हासिल की है। उन्होंने कांग्रेस प्रत्याशी डॉ. मेनका देवी सिंह को हराया है। उन्होंने 2 लाख 40 हजार 391 वोटों से जीत हासिल की है। राठिया को कुल 8 लाख 82 हजार 275 वोट मिले हैं। वहीं शशि सिंह को 5 लाख 67 हजार 884 वोट मिले हैं। इस तरह जीत का अंतर 2 लाख 40 हजार 391 रहा। कुल वोट का प्रतिशत 55.63 रहा।
रायगढ़ लोकसभा सीट से पिछले तीन चुनावों में भाजपा का दबदबा रहा है। राज्य के मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने साल 2009 और 2014 के चुनाव में जीत हासिल कर चुके हैं। वहीं 2019 के चुनाव में बीजेपी की गोमती साय ने बाजी मारी थी। राधेश्याम राठिया कद्दावर आदिवासी नेता के रूप में जाने जाते हैं। राठिया ने साल 1995 से 2000 तक ग्राम पंचायत छर्राटांगर के निर्विरोध उपसरपंच रहे हैं। इसके बाद वर्ष 2000 से 2005 तक सदस्य- जिला पंचायत रायगढ़, वर्ष 2005 से 2010 तक अध्यक्ष- जनपद पंचायत घरघोडा, वर्ष 2010 से 2015 तक सदस्य- जिला पंचायत रायगढ़ और वर्ष 2015 से 2020 तक घरघोड़ा से निर्विरोध जनपद सदस्य रहे हैं। भाजपा संगठन में भी दायित्व निभा चुके हैं।
रायगढ़ लोकसभा सीट से कांग्रेस ने डॉ. मेनका देवी सिंह को प्रत्याशी बनाकर चुनावी मैदान में उतारा है। राजा नरेशचंद्र की पांच बेटियों में मेनका देवी तीसरी बेटी हैं। उनकी बेटी रजनीगंधा 1967 में रायगढ़ से सांसद रहीं और दूसरी बेटी पुष्पा देवी सिंह ने साल 1980, 1984 और 1991 में रायगढ़ लोकसभा सीट जीतीं। मेनका देवी की दूसरी बहन कमला देवी 18 वर्षों तक विधायक रहीं और अविभाजित मध्य प्रदेश में 15 सालों तक मंत्री रहीं। पूर्व मुख्यमंत्री अजीत जोगी 1998 में रायगढ़ सीट जीतने वाले आखिरी कांग्रेस उम्मीदवार थे। सारंगढ़ राजपरिवार के सदस्य लगभग 25 वर्षों तक चुनावी राजनीति से दूर रहने के बाद एक बार फिर रायगढ़ लोकसभा सीट से अपनी किस्मत आजमा रहे हैं। सारंगढ़ में राजनीतिक रूप से प्रभावशाली गोंड राजपरिवार की सदस्य डॉक्टर मेनका देवी सिंह को कांग्रेस ने अनुसूचित जनजाति (एसटी) के लिए आरक्षित रायगढ़ लोकसभा सीट से मैदान में उतारा है। साल 2014 में कांग्रेस ने डॉक्टर मेनका देवी को टिकट दिया था, लेकिन बाद में उन्होंने उम्मीदवार बदल दिया। विष्णुदेव साय ने 2004, 2009 और 2014 में तीन बार इस सीट का प्रतिनिधित्व किया है।
पिछले तीन चुनाव का सियासी गणित
रायगढ लोकसभा सीट पर 2009 में हुए आम चुनाव में बीजेपी से विष्णुदेव साय और कांग्रेस से हृदयराम राठिया चुनावी मैदान में उतरे थे। इस चुनाव में विष्णुदेव साय को 47.44 प्रतिशत वोट बैंक के साथ चार लाख 43 हजार 948 वोट मिले थे। साय साल 2009 के चुनाव में 55848 वोट से चुनाव जीत हासिल किए थे। 2014 के आम चुनाव में भी बीजेपी से विष्णुदेव साय को ही प्रत्याशी बनाकर चुनावी मैदान में उतारा गया था। जहां सामना कांग्रेस की आरती सिंह से हुआ। 2014 के चुनाव में भी विष्णु देव साय ने दो लाख 16 हज़ार 750 वोटों के साथ जीत हासिल किए थे। वहीं 2019 में भाजपा ने गोमती साय को अपना प्रत्याशी बनाया। कांग्रेस ने लालजीत सिंह राठिया को मुकाबला के लिए चुनावी मैदान में उतारे। इस चुनाव में भी बीजेपी प्रत्याशी गोमती साय ने कांग्रेस प्रत्याशी को 66 हजार से ज्यादा वोटों के साथ हराया।
जानें इस चुनाव में विधानसभावार वोट प्रतिशत
- धरमजयगढ़ – 84.61%
- जशपुर – 75.44%
- खरसिया – 83.54%
- कुनकुरी – 77.20%
- लैलूंगा – 84.26%
- पत्थलगांव – 77.96%
- रायगढ़ – 75.45%
- सारंगढ़ – 74.66%