बीजेपी के राष्ट्रीय सह-संगठन महामंत्री शिवप्रकाश
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BJP leader Shivprakash on Congress: बीजेपी के राष्ट्रीय सह-संगठन महामंत्री शिवप्रकाश ने धर्म के आधार पर हुए भारत विभाजन को लेकर कांग्रेस पर तंज कसा है। उन्होंने कहा कि देश के बंटवारे के लिए चार लोग जिम्मेदार थे। पहला अंग्रेज थे, जिन्होंने विभाजन का बीज बोया। हिन्दू-मुस्लिम के बीच दरार पैदा किया। विभाजन के लिए दूसरा पात्र मुस्लिम लीग है। मुस्लिम लीग ने प्रस्ताव पास किया था कि हमें भारत में नहीं रहना चाहते हैं, अलग देश चाहिए। गांधी के राष्ट्रभक्ति पर प्रश्नचिह्न नहीं है, लेकिन उन्होंने कहा था कि देश का विभाजन मेरी लाश पर होगा, लेकिन विभाजन हो गया और वह जीवित रहे। इस विभाजन का तीसरा पात्र है कांग्रेस।
उन्होंने कहा कि उस वक्त कांग्रेस का लचर और सत्ता प्रेमी नेतृत्व इसका कारण रहा और चौथा पात्र रहा वामपंथ। कांग्रेस और अंग्रेजों की इस लड़ाई को बुर्जुआ लड़ाई कहकर वामपंथी अंग्रेजों के साथ खड़े हो गए थे। भाजपा राष्ट्रीय सह-संगठन महामंत्री शिवप्रकाश ने कहा कि विभाजन की विभीषिका के रूप में विभाजन की त्रासदी को याद करने और नई पीढ़ी को उससे अवगत कराने के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 14 अगस्त 2021 से इस दिवस के आयोजन की परंपरा को शुरू किया। हमारे देश का एक महाविनाशकारी विभाजन हुआ।
शिवप्रकाश ने कहा कि जो समाज,देश पीछे की ओर अपनी भूलों का स्मरण कर वर्तमान को सुधारते हुए भविष्य का एक सुनहरा चित्र प्रस्तुत करता है। भविष्य के सपने बुनने का काम करता है। वह समाज आदर प्राप्त करता है। जब हम इतिहास से सीख नहीं लेते, तब गलतियों की पुनरावृत्ति होती है। इसलिए बार-बार ऐसे संकट जो हमारे देश के समक्ष आए, हमारे सामने प्रस्तुत हुए, उससे सीख लेकर पिछली गलतियों को सुधारते हुए और आगे के लिए सही नीति का का क्रियान्वयन हो, यह हमारे लिए और समाज के लिए हमारे देश के लिए आवश्यक है। आज का यह दिन हमको इस विषय पर विचार करने के लिए प्रेरित करता है और इसलिए संपूर्ण देश के अंदर भारत विभाजन दु:खांतिका का स्मरण कराने का काम हम कर रहे हैं।
भाजपा राष्ट्रीय सह-संगठन महामंत्री शिवप्रकाश ने कहा कि विभाजन के बाद जब हम अमृतसर के लिए लाहौर और कराची से चलते थे, वहां से हजारों लोग चले थे पर भारत आते-आते यह संख्या महज 10, 20, 25 बचती थी। जो बांग्लादेश में अभी हो रहा है, अभी उसकी कल्पना करके देखें तो उस समय की विभीषिका कितनी भयानक रही होगी? आज का जो कोलकाता है, वहाँ जब मुस्लिम लीग ने 16 अगस्त 1946 को डायरेक्ट एक्शन किया तब 10 हजार लोगों का कत्ल हुआ था। एयरपोर्ट पर पैर रखने के लिए जगह नहीं थी और लोग लाशों के ऊपर चल रहे थे। श्री शिवप्रकाश ने दुर्गादास और रा,स्व,संघ के सर कार्यवाह रहे एच.वी.शेषाद्रि की पुस्तक 'और देश बँट गया' का उल्लेख करते हुए कहा कि हमारे देश के ऊपर शासन करने वाले साम्राज्यवादी शक्तियों के प्रतीक अंग्रेजों को जब ऐसा लगा कि देश का देश को छोड़कर जाना ही पड़ेगा तो जाते-जाते वह इसका विभाजन कर गए।