बीते 27 मई को कोटा के कलमीटार रेलवे स्टेशन के पास ट्रैक पर 30 वर्षीय अज्ञात युवक का शव मिला था। प्रारंभिक जांच में ही युवक की हत्या की आशंका जताई जा रही थी। युवक के सिर व शरीर में गंभीर चोट के निशान थे। पुलिस ने मामले में जांच शुरू की। इसी दौरान तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर युवक की पहचान योगेश्वर सिंगरौल के तौर पर हुई। जांच में पता चला कि घटना के दिन युवक शहर के एक रेस्टोरेंट में शेफ का काम मांगने भी आया था। इसी बीच मंगला चौक के पास एक होटल के सामने भी मृतक कई बार नजर आया था।
होटल कर्मचारियों से पूछताछ में पता चला की मृतक होटल की महिला कर्मचारी दुर्गा सिंगरौल से मिलने आया था। दुर्गा योगेश्वर की पत्नी है। शक के आधार पर पत्नी दुर्गा सिंगरौल से पुलिस ने कड़ाई से पूछताछ की, जिसमें दुर्गा ने पूरे वारदात का चिट्ठा खोल कर रख दिया। दुर्गा ने बताया कि तीन वर्षों से दोनों पति-पत्नी अलग-अलग रह रहे हैं।
मृतक योगेश्वर उसके चरित्र पर शक करता था और बार-बार होटल आकर उसे प्रताड़ित व तंग करता था। घटना के दिन भी योगेश्वर होटल पहुंचा था। इसी से परेशान होकर उसने अपने पिता राम अवतार सिंगरौल के साथ मिलकर हमेशा के लिए योगेश्वर को रास्ते से हटाने का प्लान बनाया और योगेश्वर को अपने पास बुलाया। यहां दुर्गा के पिता राम अवतार और अन्य साथियों ने योगेश्वर के साथ पहले जमकर मारपीट की उसके बाद योगेश्वर को ग्राम मोछ ले गए।
यहां दोबारा योगेश्वर के साथ मारपीट की गई। बाद में दो मोटरसाइकिल में योगेश्वर को बैठाकर आरोपी कोटा के कलमीटार ले गए। यहां रेलवे ट्रैक के पास पड़े पत्थर से सिर पर हमला कर आरोपियों ने योगेश्वर को मौत के घाट उतार दिया और हत्या को दुर्घटना का रूप देने के लिए शव को रेलवे ट्रैक पर फेंक दिया। बहरहाल, इस कत्ल का अब पर्दाफाश हो गया है। पत्नी के चरित्र पर शक और उसे प्रताड़ित करना हत्या का कारण बना है। पुलिस ने रिश्तों का कत्ल करने वाले आरोपी ससुर, पत्नी और अन्य तीन साथियों को गिरफ्तार कर लिया है। हत्या का केस दर्ज कर आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई की जा रही है।