पुलिस कस्टडी में मौत पर परिजनों ने लगाया आरोप।
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छत्तीसगढ़ के बिलासपुर में पुलिस कस्टडी में एक अधेड़ की संदिग्ध हालत में मौत हो गई। पुलिस उसे एक दिन पहले ही धोखाधड़ी के मामले में रायपुर से पकड़कर लाई थी। इसके बाद वह बुधवार को थाने के लॉकअप में मृत मिला। घटना के बाद पुलिस सवालों के घेरे में है। सूचना मिलने पर पहुंचे परिजनों ने हंगामा किया आरोप लगाया कि पोस्टमार्टम के लिए पहुंचे शव को देखने तक नहीं दिया गया। वहीं पुलिस का कहना है कि सुबह तबीयत खराब होने पर अस्पताल ले गए, लेकिन उपचार के दौरान मौत हो गई।
जानकारी के मुताबिक, मामला तारबहार थाने का है। मुंगेली निवासी श्याम मोदिकर (50) के खिलाफ ठगी का मामला दर्ज कराया गया था। आरोप है कि, श्याम मोदिकर ने जमीन रजिस्ट्रेशन और वाहन दिलाने का झांसा देकर करीब पौने चार लाख रुपये ठग लिए थे। मामले की जांच कर रही थी। इस बीच पुलिस को सूचना मिली कि आरोपी रायपुर के तेलीबांधा में परिवार के साथ रह रहा है। पुलिस ने रायपुर से श्याम मोदिकर और उसकी पत्नी को गिरफ्तार कर लिया और मंगलवार को बिलासपुर लेकर पहुंची थी।
पुलिस ने श्याम मोदिकर को अभिरक्षा में थाने में रखा गया था। इसके बाद बुधवार को सुबह अचानक आरोपी की तबीयत खराब हो गई। उसे आनन-फानन में अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। श्याम मोदिकर की पत्नी रीता मोदिकर का कहना है कि उनके ऊपर कोई आरोप नहीं है, इसके बाद भी उन्हें पकड़कर लाया गया। वह अपने पति से तीन साल से अलग रह रही थीं। उनके पास कोई ऐसा सामान भी नहीं मिला, जिससे कोई घटना हो। एक रात में ऐसा क्या हो गया, जो उनकी जान चली गई।