राज्यपाल पद की शपथ लेतीं अनुसुइया उइके
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अनुसुइया उइके छत्तीसगढ़ की नई राज्यपाल बन गई हैं। उइके ने शपथ ग्रहण कर ली है। उइके मध्यप्रदेश से भारतीय जनता पार्टी की नेता हैं। उनसे पहले छत्तीसगढ़ का अतिरिक्त प्रभार मध्य प्रदेश की राज्यपाल आनंदीबेन पटेल देख रही थीं। राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद ने 16 जुलाई को छत्तीसगढ़ और आंध्र प्रदेश के नए राज्यपालों के नामों को मंजूरी दी थी। विश्व भूषण हरिचंदन को आंध्र प्रदेश का राज्यपाल बनाया गया था।
तीन दशक से ज्यादा का राजनीतिक अनुभव रखती हैं उइके
तीन दशक से भी ज्यादा का राजनीतिक अनुभव रखने वाली उइके ने मध्यप्रदेश सरकार में भी कई अहम पदों पर अपनी सेवाएं दी हैं। साल 1985 में वह पहली बार विधानसभा सदस्य चुनी गई थीं। साल 1988 और 1989 में उन्होंने महिला एवं बाल विकास मंत्रालय संभाला। साल 200 में वह राष्ट्रीय महिला आयोग की सदस्य बनीं। इस पद पर वह पांच साल तक रहीं।
आदिवासी महिलाओं के हक के लिए उठाती रही हैं आवाज
अनुसुइया उइके को आदिवासी महिलाओं को न्याय दिलाने के लिए आवाज उठाने के लिए जाना जाता है। आदिवासी महिलाओं में अधिकारों के प्रति जागरूकता लाने के लिए काम किया है। आदिवासी महिलाओं की समस्याओं के समाधान में वह खासा रुचि लेती रही हैं।