छत्तीसगढ़ के दंतेवाड़ा जिले में 16 नक्सलियों ने शनिवार को पुलिस और सीआरपीएफ के समक्ष आत्मसमर्पण कर दिया। इनमें से दो इनामी नक्सली थे। दंतेवाड़ा के पुलिस अधीक्षक अभिषेक पल्लव ने बताया कि जिले के बचेली और किरंदुल क्षेत्रों में सक्रिय नक्सलियों ने किरंदुल शहर में आत्मसमर्पण करते हुए कहा कि पुनर्वास अभियान ‘लोन वर्राटू’ ने उन्हें आत्मसमर्पण करने के लिए प्रेरित किया।
पुलिस ने बताया कि सभी नक्सली ‘खोखली’ माओवादी विचारधारा से भी निराश थे। बता दें कि छत्तीसगढ़ के दंतेवाड़ा में नक्सलियों को मुख्य धारा में लाने के लिए प्रशासन ने ‘लोन वर्राटू’ यानी घर वापसी अभियान शुरू किया है।
पल्लव ने बताया कि इन 16 नक्सलियों में से मदकम हुर्रा (28) और हुंगा बसरा (35) के सिर पर एक-एक लाख रुपये का इनाम घोषित था। उन्होंने कहा कि 14 से अधिक आत्मसमर्पण करने वाले नक्सली मदकमिरस गांव से हैं। एक अधिकारी ने बताया कि पिछले साल जून में शुरू किये गए ‘लोन वर्राटू’ अभियान के तहत जिले में अब तक 288 नक्सली हिंसा का रास्ता त्याग चुके हैं।