ग्रामीण की नजर पड़ी तो मकान में घुसा
कोरबा वन मंडल में पसरखेत क्षेत्र के ग्राम कोलगा निवासी चंद्रशेखर राठौर किसी काम से मदनपुर आया था। इस दौरान उसकी नजर आबादी क्षेत्र में बैठे बड़े से सांप पर पड़ी। इस पर उसने इसकी सूचना आरसीआरएस प्रमुख अविनाश यादव को दी। वह टीम के साथ मौके पर पहुंचे, लेकिन उससे पहले ही सांप पास ही स्थित फिरतु राम के मकान में घुस गया। टीम पहुंची तो देखा कि सांप एक कोने में बैठा हुआ है। अविनाश ने सांप देखा तो पता चला कि वह विलुप्त प्रजाति का किंग कोबरा है।
रेस्क्यू करने वाले पर फुंफकारने का किया प्रयास
अविनाश ने इसकी जानकारी कोरबा दक्षिण SDO आशीष खेरवार को दी। इसके बाद पसरखेत के डिप्टी रेंजर सहित कर्मचारी वहां पहुंच गए। फिर उनके निर्देश पर किंग कोबरा का रेस्क्यू शुरू हुआ। इस दौरान अविनाश ने कोबरा को पकड़ कर मकान से निकालने का प्रयास किया तो वह बार-बार उसी पर फुंफकारने का प्रयास करता। इस दौरान मौके पर ग्रामीणों की भीड़ एकत्र हो गई। अविनाश ने किसी तरह किंग कोबरा को घंटों की मशक्कत के बाद बाहर निकाला, लेकिन वह उसी पर झपट्टा मारने का प्रयास करता।
पास के जंगल में छोड़ने पर ग्रामीणों ने जताया विरोध
हालांकि किसी तरह किंग कोबरा को रेस्क्यू ककर पास के जंगल में ले जाने लगे। इस पर ग्रामीण भड़क गए। उन्होंने कोबरा को वहां जंगल में छोड़ने पर एतराज जताया। कहा कि वह फिर किसी को निशाना बना सकता है। सूचना मिलने पर DFO प्रियंका पांडे भी पहुंच गईं। उन्होंने लोगों को समझाया। इसके बाद वन विभाग की टीम कोबरा को अंदर जंगल में छोड़कर आई। DFO प्रियंका पांडे ने बताया कि किंग कोबरा को मदनपुर इलाके में इससे पहले भी देखा गया है। यह 12 फिट से अधिक है और मोटाई भी काफी है। उसे रेस्क्यू कर जंगल मे छोड़ा गया है।