जीरकपुर। अब चार एकड़ में फैले बिशनपुर डंपिंग ग्राउंड में 15 फीट ऊंचा कूड़े का पहाड़ नौ माह में खत्म हो जाएगा। नगर परिषद ने इस कूड़े के पहाड़ को खत्म करने का ठेका 3.1 करोड़ रुपये में एक कंपनी को अलाॅट किया है। इस डंपिंग ग्राउंड में शहर से उठने वाला करीब 55 टन कूड़ा डाला जाता है। इसका निपटारा करने में नगर परिषद फेल साबित हुई है। इसके लिए नगर परिषद ने लाखों रुपये की दो ट्रोमल मशीनें भी खरीदी हुई हैं।
नगर परिषद की ओर से एक निजी कंपनी को यहां के पुराने कूड़े के निस्तारण (लगेसी वेस्ट सेग्रिगेशन) का ठेका दिया गया है। इसके लिए कंपनी को नाै महीने तक का समय दिया गया है। अगर इस दौरान बारिश या कोई अन्य समस्या आने के कारण कूड़े के निस्तारण में देरी हुई तो उतना समय आगे बढ़ा दिया जाएगा। इसके साथ ही नगर परिषद की बैठक में सफाई व्यवस्था को लेकर काम करने का एजेंडा सबसे पहले रखा जाता है।
शहर के कूड़े में सिंगल यूज प्लास्टिक ज्यादा
शहर में रोजाना 50 से 60 टन कूड़ा निकलता है। जिसमें सिंगल यूज प्लास्टिक और थर्माकोल की मात्रा काफी है। ट्राईसिटी में सब जगह सिंगल यूज प्लास्टिक बैन किया हुआ है। इसकी वजह है कि रेहड़ी-फड़ियों, दुकानों और मैरिज पैलेसों में तमाम तरह के आयोजनों में सिंगल यूज प्लास्टिक और डिस्पोजेबेल प्लेट्स का इस्तेमाल किया जा रहा है।
हमने एक कंपनी को डंपिंग ग्राउंड से कूड़े के निस्तारण (लगेसी वेस्ट सेग्रिगेशन) का निस्तारण करने के लिए 3.1 करोड़ का ठेका दिया है। यह काम कंपनी नौ महीने में करेगी। यहां प्लास्टिक उन कंपनियों को भेजा जाएगा, जिनके साथ नगर परिषद ने कांट्रेक्ट किया है। -चरणपाल सिंह एमई, नगर परिषद जीरकपुर