मोहाली के रिहायशी इलाके फेज-1 में शोरूम नंबर 32 के पास लोगों ने जमकर विरोध प्रदर्शन किया, मामला था शराब का ठेका खुलना। ठेकों की नई अलॉटमेंट के बाद 32 नंबर शोरूम में ठेका खोला गया है। जिसके विरोध में इलाके के लोग उतर आए हैं। लोगों ने इस संबंधी कर एवं आबकारी विभाग की डायरेक्टर बलदीप कौर से लेकर डीसी डीएस मांगट तक मुलाकात की है।
लोगों ने मांग की है कि ठेके को तुरंत उक्त जगह से बंद किया जाए। क्योंकि यहां से मात्र दस मीटर की दूरी पर स्कूल व रिहायशी एरिया है। इसके अलावा यह मार्केट शहर की लाइफ लाइन है। बच्चे से लेकर बूढ़े तक को यहां आना पड़ता है। लेकिन ठेके के चलते लोगों को मुश्किल उठानी पड़ रही है। लोगों ने चेतावनी दी है कि जल्दी ही इस दिशा में कार्रवाई नहीं हुई तो स्थाई धरना शुरू किया जाएगा।
जानकारी के मुताबिक कर एवम आबकारी विभाग ने मार्च के अंत में नए ठेकों की अलॉटमेंट की थी। जिसके बाद ठेका पुरानी जगह से बदलकर ३२ नंबर शोरूम में आ गया है। लेकिन उक्त एरिया के बिल्कुल पास ही रिहायशी एरिया सटा हुआ है। वहीं, नामी प्राइवेट स्कूल भी ठेके के बिल्कुल पास है। इसके अलावा एटीएम व अन्य मार्केट भी वहां पर है। अक्सर वहां पर लोगों को आना जाना लगा रहता है। लेकिन जब से शराब ठेका खुला है। वहां से हालत खराब हो गई है।
फेज-१ शोरूम मार्केट वेलफेयर एसोसिएशन के मेंबरों का कहना है कि वह इस मामले में कर एवं आबकारी विभाग, डीसी, गमाडा व नगर निगम के मेयर से मुलाकात कर चुके हैं। साथ ही उन्हें ठेके को तुरंत वहां से शिफ्ट करने की मांग कर चुके हैं। लोगों ने साफ किया है कि जल्दी कार्रवाई नहीं की गई तो उनके द्वारा संघर्ष किया जाएगा। जिक्रयोग है कि ऐसी ही समस्या गत वर्ष भी आई थी। मंदिर के सामने ठेका खोल दिया गया था।
इसके बाद इलाके के लोगों ने लंबा संघर्ष किया था। जिसके बाद इसमें कुछ बदलाव किए गए थे। इस मौके हाउस ओनर वेलफेयर एसोसिएशन फेज-१ महासचिव हरविंदर सिंह सैनी, संस्था की कानूनी सलाहकार एडवोकेट अमरदीप कौर, फेज-१ शोरूम मार्केट वेलफेयर एसोसिएशन प्रेसिडेंट हरिश चंद्र सेठी, शास्त्री मॉडल स्कूल के प्रमुख राम सेवक, पार्षद वार्ड नंबर चार गुरमीत कौर, सब पोस्ट मास्टर, यूको व ओबीसी
सुझाब मांगने के बाद नही किया अमल
इलाके के लोगों ने बताया कि जब कर एवं आबकारी विभाग द्वारा एक्साइज पॉलिसी बनाई गई थी। उन्होंने इस संबंधी अपने सुझाब दिए थे कि उक्त एरिया में ठेके खोलने की परमिशन न दी जाए। इनता नहीं नहीं उन्होंने अधिकारियों से इस संबंधी मुलाकात भी की थी। लेकिन इसके बाद भी उनकी दलीलों को नहीं सुना गया था। जिसके बाद ठेका खोला गया है।
सीवरेज के ब्लॉक होने का डर
इलाके के लोगों ने बताया कि शराब का ठेका व अहाता खुलने से कई अन्य भी समस्याएं भविष्य में आने की संभावना है। क्योंकि जहां पहले ठेका था । उक्त एरिया में ठेके की गंदगी से सीवरेज ब्लॉक रहने का डर रहता था। वहीं, यहां भी यह समस्या बनेगी। इस बारे में उन्होंने संबंधित विभाग को सूचित कर दिया है।
पुलिस मूर्क दर्शक, खुले में लगते हैं जाम
शहर में भले ही शराब ठेकों के अंदर अहाते बनाए गए हैं। लेकिन शराब ठेकों में पुलिस के नियमों की धज्जियां उड़ती है। फेज-पांच और दो में सबसे ज्यादा बुरा हाल है। फेज-पांच की मार्केट में खुले में शराब पीते युवा नजर आते है। जबकि वहां पर तैनात पीसीआर हमेशा मूकदर्शन बनी रहती है। फेज-दो निवासी अतुल शर्मा ने बताया कि ऐसा ही हाल फेज-२ के ठेके के बाहर आम देखा जा सकता है। यहां पर भी खुले में जाम छलकते हैं।