चंडीगढ़। हिंदी दिवस के उपलक्ष्य में ‘वतन के रखवाले’ सांझा काव्य संकलन का ऑनलाइन विमोचन कार्यक्रम हुआ। इसका उद्घाटन उत्तर क्षेत्र सांस्कृतिक केंद्र पटियाला (संस्कृति मंत्रालय, भारत सरकार) के डायरेक्टर प्रोफेसर सौभाग्य वर्द्धन ने किया।
इस मौके पर दून पब्लिक स्कूल पंचकूला की मुख्य अध्यापिका सुनीता आनंद मुख्य अतिथि के रूप में मौजूद रहीं। इस कार्यक्रम में उमंग अभिव्यक्ति मंच की फाउंडर नीलम त्रिखा व शिखा ने बताया कि ‘वतन के रखवाले’ सांझा काव्य संकलन वैश्विक महामारी कोरोना काल में लॉकडाउन के दौरान लिखी रचनाएं नवोदित व वरिष्ठ साहित्यकारों के भाव हैं। सभी साहित्यकारों ने उन सभी कोरोना वॉरियर्स को नमन करते हुए उनका गौरव गान किया है, जिन्होंने जान की परवाह न करते हुए इस संकट के समय में प्रशासन और सरकार को सहयोग दिया। रचनाएं लिखने वाले साहित्यकारों में नीलम त्रिखा, रजनी अमित राणा, उमा कपाटिया, आकांक्षा राव, डॉ जेके सोनी, ओपी सिहाग, रजनी पाठक, डॉ. स्नेह लता, डॉ. शिवा अग्रवाल, सौम्या अग्रवाल, कुंती नवल, प्रभा कंसल, सीता श्याम, अदिति राणा, मधु गोयल, रेणु अब्बी रेणु, उषा गर्ग, अनुपमा पराशर, दिलप्रीत कौर दीपाली, जश्नप्रीत कौर, मनोरमा श्रीवास्तव, आभा मुकेश साहनी, गीता उपाध्याय, अलका शर्मा बोस, नीरजा शर्मा, शीनू वालिया, संगीता शर्मा कुंद्रा, आयुष राणा (बाल कवि), दृष्टि त्रिखा (बाल कवयित्री), रेखा साहनी, आकांक्षा, मुकुल गर्ग, श्वेतांक प्रताप राव, देवांश बंसल, दिशिका, श्रद्धांजलि, तानिया शर्मा, गायत्री शर्मा, अर्णव शर्मा और शखा शामिल हैं।