यूटी पुुलिस का एक नया कारनामा सामने आया है। जो व्यक्ति आज भी घर में बिस्तर पर सांसे ले रहा है उसको पुलिस अपनी एफआईआर में मार चुकी है। हल्लोमाजरा में हुए हादसे में जिंदा व्यक्ति को छह दिन पहले मृत घोषित कर चुकी है। वहीं पुलिस ने इस मामले में आरोपी बाइक चालक पर गैर इरादतन हत्या की धारा लगाकर उसे गिरफ्तार लिया था। हालांकि बाद में उसको जमानत पर छोड़ दिया गया।
जानकारी के अनुसार रामदरबार में रहने वाले घसीटू (80) का 22 मार्च की रात को हल्लोमाजरा में कच्चे रास्ते पर बाइक से एक्सीडेंट हो गया था। जिसके बाद बाइक चालक उसको ऑटो में लेकर जीएमएसएच-16 गया था। जहां पर गंभीर हालत देखते हुए उसको पीजीआई रैफर कर दिया था। इस हादसे की एफआईआर सेक्टर-31 पुलिस स्टेशन में दर्ज हुई थी। पुलिस ने एफआईआर में 304ए धारा जोड़कर रामदरबार निवासी भीम बहादुर को गिरफ्तार भी कर लिया था। इस मामले की जांच हेड कांस्टेबल सतबीर सिंह कर रहे है।
पुलिस की कार्यप्रणाली को देखकर आप भी हैरान हो जाएंगे। राम दरबार में बुजुर्ग घसीटू अभी भी सांसे ले रहा है। परिवार वाले उसके आसपास बैठे उसकी देखरेख कर रहे है। परिजनों का कहना है कि पीजीआई में उनको डॉक्टरों ने कहा कि इनके बचने की उम्मीद बहुत कम है। जिसके बाद परिजन बुजुर्ग को घर लाकर उसकी देखरेख करने लगे। वहीं पुलिस ने घसीटू को मृत घोषित कर दिया था। इस हादसे की पुलिस विभाग की ओर से बकायदा मीडिया को भेजी क्राइम रिपोर्ट में लिखा की घसीटू ने इलाज के दौरान पीजीआई में दम तोड़ दिया। जिसके बाद लगभग सभी अखबारों में सड़क हादसे में बुजुर्ग के मौत की खबर भी छपी थी।