अतिरिक्त ग्रांट के मसले पर बुधवार को दिल्ली में हुई यूजीसी और पीयू अथारिटी की बैठक सकारात्मक रही। बैठक में यूजीसी ने पीयू अथारिटी को अतिरिक्त ग्रांट देने का भरोसा दिया। साथ ही पीयू के खराब आर्थिक हालतों पर भी सहानुभूति व चिंता व्यक्त की। बैठक में वाइस चांसलर अरुण ग्रोवर ने यूजीसी अथॉरिटी के समक्ष पीयू की आंतरिक आय और कास्ट कटिंग की विस्तृत रिपोर्ट सौंपी।
पीयू के वीसी ने यूजीसी को बताया कि पंजाब यूनिवर्सिटी जबरदस्त वित्तीय संकट से गुजर रही है और उसे केंद्र सरकार और पंजाब सरकार की मदद की आवश्यकता है। वीसी ने कहा कि मंगलवार को पंजाब के वित्त मंत्री मनप्रीत बादल ने मदद का पुख्ता आश्वासन दिया है। यूजीसी से भी आग्रह है कि वह पंजाब यूनिवर्सिटी के आर्थिक हालातों को संकट से उबारें।
वीसी ने यूजीसी अफसरों को पीयू की आंतरिक आय के स्त्रोत और भविष्य में आंतरिक आय को बढ़ाने के लिए पीयू द्वारा किए जा रहे प्रयासों की भी जानकारी दी। वीसी ने यूजीसी को बताया कि पीयू का व्यय कितना है। वीसी ने बताया कि पंजाब यूनिवर्सिटी का वर्ष 2016-17 का बेस घाटा फिलहाल 197.73 करोड़ हुआ है।