भारत में बीमारियों से पीड़ित दस फीसदी लोगों की मौत असहनीय दर्द से होती है। लेकिन अब इस दर्द का उपचार भी संभव है।
मंगलवार को फोर्टिस अस्पताल में आयोजित एक समारोह में संस्थान के सीनियर कंसल्टेंट डॉ. अवतार एस मठारू ने यह जानकारी दी।
उन्होंने बताया कि इंटरवेंशनल पेन मैनेजमेंट नामक नए सुपर स्पेशलिटी उपचार की बदौलत मल्टीमॉडल अप्रोच के मार्फत दर्द और विकलांगता का उपचार संभव हो गया।
वर्ल्ड इंस्टीट्यूट ऑफ पेन यूएसए की एफआईपीपी की फैलोशिप से सम्मानित डा. मठारू ने बताया कि भले ही दर्द शरीर में कुछ गड़बड़ी के बारे में सतर्कता का संकेत देने वाली बचावात्मक प्रक्रिया होती है। पर कुछ दर्द ऐसे भी हैं जो इलाज के बावजूद बीमारी के अरसे बाद भी रहते हैं।
वहीं, कुछ गड़बड़ियां ऐसी होती हैं। जिनका इलाज नहीं होता और दर्द उनमें से एक अहम पहलू है। ज्यादातर आम दर्द रीढ़, जोड़ों, न्यूरलजियास, सिरदर्द, मेटाबोलिक गड़बड़ियों जैसे मधुमेह जनित दर्द होते हैं। जबकि सामान्य शारीरिक दर्द जो फैंटम पेन आदि सर्जिकल प्रक्रियाओं से उभरते रहते हैं।
उन्होंने सबसे अपील की कि वह दर्द से छुटकारा दिलाने संबंधी दर्दनिवारक उपचारों और दुनियाभर में दर्द से राहत की दिशा में चलाए जा रहे अभियान का हिस्सा बनें।