शहर में रहने वाले उत्तर-प्रदेश और बिहार के लोगों को होली पर घर जाने के लिए किसी ट्रेन में आरक्षण नहीं मिल रहा है।
ऐसे में अगर रेलवे ने इस साल होली पर स्पेशल ट्रेनें नहीं चलाईं तो लोगों को अपने घर जाने में दिक्कत आएगी। चंडीगढ़ से कई नई ट्रेनें चलने के बाद भी होली पर किसी ट्रेन में जगह नहीं है। रोज वेटिंग लिस्ट बढ़ रही है।
रेलवे के अधिकारियों का कहना है कि होली के लिए स्पेशल ट्रेन चलाने का प्रस्ताव भेजा गया है। इसके साथ ही होली से पहले ट्रेनों में वेटिंग लिस्ट क्लीयर करने के लिए अतिरिक्त कोच भी लगाए जाएंगे।
होली 17 मार्च को है और उस दिन सोमवार है। ऐसे में होली से एक दिन पहले 16 मार्च को तो ट्रेनों में सीटें उपलब्ध हैं, लेकिन 14 और 15 मार्च के लिए किसी भी ट्रेन में सीट उपलब्ध नहीं है।
लखनऊ जाने वाली सद्भावना एक्सप्रेस में स्लीपर क्लास में वेटिंग लिस्ट 400 से अधिक है। चंडीगढ़-लखनऊ एक्सप्रेस में भी स्लीपर में वेटिंग लिस्ट 100 से ऊपर है। इन दोनों ट्रेनों में एसी में भी लंबी वेटिंग लिस्ट है।
इसके अलावा कानपुर और इलाहाबाद जाने वाली ऊंचाहार एक्सप्रेस और कालका मेल में भी सीट उपलब्ध नहीं है। सप्ताह में दो दिन चलने वाली पाटलीपुत्र एक्सप्रेस में 13 मार्च को लंबी प्रतीक्षा सूची है।
पिछले साल दीवाली और छठ पर रेलवे ने चंडीगढ़ से पांच स्पेशल ट्रेनें चलाई थीं। इसके साथ ही कई ट्रेनों में अतिरिक्त कोच भी लगाए थे। पिछले साल होली पर भी रेलवे ने स्पेशल ट्रेनें चलाई थीं।
रेलवे ने वाराणसी के लिए स्पेशल ट्रेन चलाई थी जो कि सप्ताह में तीन दिन चलती थी। उम्मीद की जा रही है कि होली पर इस बार भी वाराणसी और कटिहार के लिए स्पेशल ट्रेनें चलाई जा सकती हैं।