जालंधर के इंजीनियरिंग कॉलेज से पकड़े गए तीन कश्मीरी छात्रों के मामले की जांच अब नेशनल इन्वेस्टिगेशन एजेंसी (एनआईए) करेगी। पंजाब पुलिस द्वारा पकड़े गए तीनों आरोपियों की कस्टडी अब एनआईए ने ली है। आरोपियों को कड़ी सुरक्षा में मंगलवार एनआईए की अदालत में पेश किया गया। आरोपियों को लोगों की नजरों से बचाकर चेहरे कवर कर अदालत में पेश किया गया।
अदालत ने आरोपियों को न्यायिक हिरासत में भेज दिया है। आरोपियों में जाहिद गुलजार निवासी अवंतीपोरा, श्रीनगर, मोहम्मद इदरीश शाह और यूसुफ रफीक बट्ट निवासी पुलवामा के नूरपुरा के रहने वाले हैं। मामले की अगली सुनवाई 21 दिसंबर को होगी। कुछ समय पहले पंजाब पुलिस की टीम ने तीन कश्मीरी युवकों को दबोचा था। इनमें से दो जालंधर के सीटी इंस्टीट्यूट ऑफ इंजीनियरिंग मैनेजमेंट एंड टेक्नोलॉजी से बीटेक की पढ़ाई कर रहे थे।
तीसरा आरोपी सेंट सोल्जर ग्रुप ऑफ इंस्टीट्यूट का था। साथ ही वह मेडिकल साइंस की पढ़ाई कर रहा था। इस दौरान पता चला था कि आरोपी यूसुफ 15 लाख रुपये के इनामी आतंकी जाकिर मूसा का चचेरा भाई है। तीनों के कब्जे से एक एके-47 राइफल, इटली में बनी पिस्टल व एक किलो आरडीएक्स जैसा विस्फोटक पदार्थ बरामद किया गया था। हालांकि, इस पदार्थ की पहचान नहीं हुई थी। तीनों के खिलाफ जालंधर के थाना सदर में धोखाधड़ी की साजिश, आर्म्स एक्ट, विस्फोटक अधिनियम आदि के तहत केस दर्ज हुआ था।