सीनियर नेशनल रेसलिंग चैंपियनशिप में स्वर्ण पदक जीतने वाले सुमित कोच दर्शन लाल के साथ।
चोट से उबरते हुए शहर के पहलवान सुमित ने सीनियर नेशनल रेसलिंग चैंपियनशिप में बेहतरीन प्रदर्शन करते हुए 48 किलो भार वर्ग में स्वर्ण पदक जीता है। यह चैंपियनशिप केरल में हो रही है। उनके इस प्रदर्शन से घर में खुशी का माहौल है।
स्वर्ण पदक जीतने के बाद सुमित ने बताया कि यह सफर आसान नहीं था। इसी साल पंचकूला के ताऊ देवीलाल स्टेडियम में हुए खेलो इंडिया गेम्स में फाइनल मुकाबले के दौरान अचानक घुटने में चोट लग गई थी। चलने में परेशानी के चलते एक महीने तक अखाड़े से दूरी बनी रही।
उन्होंने बताया कि मनीमाजरा स्पोर्ट्स कांप्लेक्स के सीनियर रेसलिंग कोच दर्शन लाल और फिजियो ने चोट से उभारने में कड़ी मेहनत की। उनकी मेहनत के चलते अगस्त माह में अभ्यास शुरू किया और अब स्वर्ण पदक हासिल कर असीम खुशी हो रही है।
कोच दर्शन लाल बोले- एक माह में ही किया रिकवर
सीनियर रेसलिंग कोच दर्शन लाल ने बताया कि सुमित काफी मेहनती खिलाड़ी हैं। एक माह तक दर्द से जूझने बाद परिवार वाले उसे रेसलिंग सेंटर लाने लगे। यहां पर उसे धीरे-धीरे अभ्यास शुरू करवाया गया। शुरुआत में काफी दिक्कतें आईं लेकिन दृढ़ इच्छाशक्ति के चलते वह जल्द ही रिकवर करने लगा।
प्रदर्शन एक नजर में
सुमित अंडर-15 एशियन चैंपियनशिप में 2019 में भारतीय टीम में पहुंचे। अंडर-20 वर्ल्ड चैंपियनशिप-2022 में कांस्य पदक जीतने में सफल हुए। पिछले तीन सालों से वह लगातार स्टेट और नेशनल स्तर पर पदक बटोर रहे हैं।