पठानकोट। माधोपुर हाइडल चैनल नहर 23 दिन में तीसरी बार बेड़ियां गांव के पास लीक हो गई, जिससे स्थानीय लोगों में डर और चिंता का माहौल बना। अगस्त 2025 में रावी नदी में आई बाढ़ से यूबीडीसी हाइडल नहर के पुलों को भारी नुकसान हुआ था। तब माधोपुर से बेड़ियां जाने वाली सड़क पूरी तरह बह गई थी। पानी को रावी नदी की ओर मोड़ने के लिए तत्काल नहर के जेक्टर से काम लिया गया।
बड़ी आर्थिक लागत से नहर की रिपेयर कर किनारे और टूटी सड़क को दिन-रात काम करके तैयार किया गया था। हालांकि, गत दिवस लगभग 1600 क्यूसिक पानी छोड़ते ही नहर में फिर से रिसाव शुरू हो गया। नहर का पानी तुरंत हैड वर्क्स से बंद किया गया। स्थानीय लोग और किसान ठेकेदार और विभाग की कार्यप्रणाली पर सवाल उठा रहे हैं। किसानों की फसल सिंचाई के लिए पानी की आवश्यकता है, लेकिन नहर बंद होने से उनकी फसल प्रभावित हो रही है। वहीं, नहर पर बने पावर हाउस को भी बंद करना पड़ा, जिससे सरकार को करोड़ों रुपए का आर्थिक नुकसान हो रहा है। स्थानीय आरोप हैं कि ठेकेदार द्वारा नहर की मरम्मत में लापरवाही हुई और विभाग ने काम की समय पर जाँच नहीं की। पुनः रिसाव ने किसानों और प्रशासन दोनों के लिए संकट खड़ा कर दिया है।