चंडीगढ़। नगर निगम सदन की बैठक में इस बार दो प्रमुख एजेंडों पर चर्चा होगी। 3 नवंबर को होनी वाली सदन की बैठक का एजेंडा आ गया है। दो प्रमुख एजेंडों में सेक्टर-26 ट्रांसपोर्ट क्षेत्र की सड़कों और पार्किंग स्थलों की दोबारा मरम्मत (रिकार्पेटिंग) तथा घर-घर कचरा इकट्ठा करने वाले सफाईकर्मियों के साथ नया समझौता शामिल है।
एक प्रस्ताव ट्रांसपोर्ट एरिया, सेक्टर-26 की सड़कों और पार्किंग की दोबारा मरम्मत से जुड़ा है। इस काम पर लगभग 1 करोड़ 70 लाख रुपये खर्च होने का अनुमान है। निगम की रिपोर्ट के अनुसार इन सड़कों की आखिरी बार मरम्मत वर्ष 2019 में की गई थी। बीते कुछ साल में लगातार भारी वाहनों की आवाजाही और बरसात के कारण सड़कें काफी खराब हो गई हैं। जगह-जगह गड्ढे हो चुके हैं।
निगम इंजीनियरिंग शाखा ने कहा है कि सड़कें अब दोबारा बिछाने की स्थिति में हैं ताकि यातायात सुचारु हो सके और व्यापारियों व स्थानीय लोगों को राहत मिले। यह खर्च सड़क, पार्किंग और बुनियादी ढांचे के सुधार वाले मद से किया जाएगा। प्रस्ताव को हाउस से मंजूरी के लिए पेश किया जा रहा है ताकि स्वीकृति मिलते ही काम शुरू किया जा सके।
926 सफाईकर्मियों के माध्यम से उठ रहा कचरा
दूसरा प्रस्ताव घर-घर कचरा उठाने वाली व्यवस्था से जुड़ा है। इस समय नगर निगम 926 सफाई कर्मियों से शहर के घरों से कचरा एकत्र कर रहा है। यह काम पिछले कुछ वर्षों से एक लिखित समझौते के तहत चल रहा है जिसकी मौजूदा अवधि 31 अक्तूबर को समाप्त हो रही है। अब निगम प्रशासन ने नया समझौता तैयार किया है जिसे मंजूरी के लिए हाउस के समक्ष रखा जाएगा।
यह नया मसौदा मेयर की सिफारिश पर बनी एक समिति ने तैयार किया है। इसमें संयुक्त आयुक्त, स्वास्थ्य अधिकारी और पार्षद सौरभ जोशी, राजिंदर शर्मा, निर्मला देवी और डॉ. नरेश पंचाल शामिल थे। समिति ने घर-घर कचरा उठाने वाले कर्मियों के प्रतिनिधियों से कई दौर की बैठकें कीं और उनकी मांगों को ध्यान में रखते हुए नया प्रस्ताव तैयार किया।
नए समझौते में पहले के नियमों को बरकरार रखते हुए कुछ सुधार किए गए हैं ताकि व्यवस्था और पारदर्शी तथा सुचारु बन सके। यह समझौता दो वर्ष के लिए होगा और आवश्यकता पड़ने पर एक वर्ष तक बढ़ाया जा सकेगा, यदि दोनों पक्ष सहमत हों।