पानीपत। सेक्टर-29 पार्ट-टू स्थित रेवेरा होम फर्निसिंग में तीन श्रमिकों की मौत के मामले में परिजनों का फैक्टरी मालिक के प्रति उठा गुस्सा मैनेजर पर उतरा और परिजनों ने अस्पताल में पुलिस के सामने ही उसकी जमकर धुनाई कर दी।
परिजनों और श्रमिक संगठनों की नाराजगी के चलते अस्पताल में भारी पुलिस बल तैनात रहा और तीन डॉक्टरों के बोर्ड के बीच तीनों का पोस्टमार्टम कराया। वहीं पुलिस फैक्टरी मालिक, उसके रिश्तेदारों और अधिकारियों समेत छह लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर किया है।
श्रमिक संगठनों ने मामले में पीड़ित परिवार को उचित मुआवजा देने और आश्रित परिवार की पेंशन जारी करने की मांग की है। पुलिस इस मामले में आरोपियों को जल्द ही काबू करने का दावा कर रही है।
सिविल अस्पताल में बुधवार को रेवेरा होम फर्निसिंग में हाइड्रो मशीन फटने से मृत हुए धर्मेंद्र निवासी शिव नगर, अमित निवासी राज नगर और सागर निवासी कृष्णपुरा के परिजनों के साथ मजदूर यूनियन सीटू के नेता खड़े हो गए।
सीटू के जिला प्रधान सुनील दत्त समेत अन्य नेताओं ने पीड़ित परिवार को हर संभव मदद का भरोसा दिया और फैक्टरी मालिक और अधिकारियों से बात की। आरोप है कि फैक्टरी का एक अधिकारी उनके परिवार के सदस्यों के साथ उल्टा सीधा बोलने लगा।
इस पर परिवार और फैक्टरी कर्मी भड़क गए और शव गृह के सामने ही उसकी जमकर धुनाई की। वहां पर पहुंची पुलिस ने उसको छुड़वाया और इसकी सूचना अधिकारियों को दी।
डीएसपी शहर जितेंद्र गहलावत इसकी सूचना मिलते ही पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे और गुस्साए लोगों को समझाकर शांत किया। यहां पर किसी तरह का विरोध होने के अंदेशे से कुछ ही देर में चारों तरफ पुलिस तैनात हो गई। पुलिस अधिकारियों ने तीन डॉक्टरों का बोर्ड बनवाकर पोस्टमार्टम कराया और तीनों के शव परिजनों को सौंप दिए।
फैक्टरी में हाइड्रो मशीन के फटने से एक साथ मौत के शिकार हुए धर्मेंद्र, अमित और सागर का एक-एक कर दाह संस्कार हुआ। सिविल अस्पताल में बुधवार को पहले धर्मेंद्र के शव का पोस्टमार्टम किया और उसके परिजनों को सौंप दिया। इसके बाद सागर और फिर अमित के शव का पोस्टमार्टम कराया। इसके बाद परिवार के लोगों ने रीति रिवाज से दाह संस्कार किया।
सीटू के जिला प्रधान सुनील दत्त, सह सचिव जयभगवान और मंडल सदस्य सुरेंद्र नरवाल बुधवार सुबह ही सिविल अस्पताल में पहुंच गए। उन्होंने यहां पर परिवार के सदस्यों की तरफ से फैक्टरी मालिक और अधिकारियों के सामने मांग रखी। उन्होंने पीड़ित परिवार को 10-10 लाख रुपये और आश्रित परिवार को पेंशन देने की मांग की। फैक्टरी मालिक और अधिकारियों ने श्रमिक संगठन की मांगों को मान लिया। सुनील दत्त ने उनकी मांगों को लागू न करने पर संघर्ष करने की चेतावनी दी।
वहीं, दूसरी तरफ थाना चांदनी बाग पुलिस ने हादसे में घायल अकबर निवासी बबैल के बयान पर फैक्टरी मालिक दीपक कुमार, गोपाल और दीपक के रिश्तेदार अमित, सुपरवाइजर अमरनाथ ठाकुर, मेंटेनेंस मैनेजर मनोज तिवारी और मैनेजर कन्हैया सिंह पर आईपीसी की धारा 304 और 34 के तहत मुकदमा दर्ज कर लिया है। पुलिस ने आरोपियों की धर पकड़ शुरू कर दी है।
फैक्टरी की हाइड्रो मशीन फटने का एक बड़ा कारण मशीन में तकनीकी खराबी आना सामने आया है। सिविल अस्पताल में पहुंचे कई कर्मियों ने बताया कि हाइड्रो मशीन लंबे समय से खराब चल रही थी। इस पर काम करने वाले कर्मी इसकी कई बार शिकायत कर चुके थे, लेकिन अधिकारियों से लेकर फैक्टरी मालिक ने भी इसको ठीक कराने की जहमत नहीं उठाई।
सेक्टर-29 पार्ट-टू स्थित रेवेरा होम फर्निसिंग में मंगलवार दोपहर बाद करीब साढे़ चार बजे एक हाइड्रो मशीन धमाके के साथ फट गई। इसके चलते चारों तरफ अफरा-तफरी मच गई। इसमें उसके नजदीक काम कर रहे धर्मेंद्र (30) निवासी शिवनगर, अमित (30) निवासी राजनगर और सागर (22) निवासी कृष्णपुरा कच्ची फाटक की मौत हो गई थी। फैक्टरी कर्मियों ने मालिक और अधिकारियों पर लापरवाही का आरोप लगाया।
पुलिस ने फैक्टरी की हाइड्रो मशीन ब्लास्ट में मृत तीनों लोगों के शवों का पोस्टमार्टम कराकर परिजनों को सौंप दिया है। पोस्टमार्टम के दौरान फैक्टरी के एक अधिकारी के ज्यादा बोलने पर कुछ हाथापाई हुई थी। पुलिस ने इसमें फैक्टरी मालिक और अधिकारियों समेत छह लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया है। पुलिस आरोपियों को जल्द ही काबू कर लेगी।
जितेंद्र गहलावत, डीएसपी, शहर पानीपत