चंडीगढ़। शहर में पिछले कुछ दिनों से फल-सब्जियों के दाम आसमान छू रहे हैं। टमाटर के दाम तो 350 रुपये किलो तक पहुंच गए। कई अन्य सब्जियां भी आम आदमी की पहुंच से बाहर हो गईं। पिछले पांच-छह दिन से बढ़े इन दामों को लेकर अब प्रशासन की नींद खुली है और तीन सदस्यीय एक कमेटी गठित की है जो सोमवार को रिपोर्ट सौंपेगी। साथ ही यह कमेटी आने वाले समय में फल, सब्जी और अनाज के दाम, खरीद-बिक्री और क्वालिटी पर भी नजर रखेगी। यूटी प्रशासन के खाद्य व आपूर्ति विभाग की तरफ से रविवार को इस संबंध में आदेश जारी किए गए हैं। आदेश में लिखा है कि फल सब्जियां आम जनता की पहुंच से बाहर होती जा रही हैं। शहर के साथ पूरे देश में ही टमाटर के दाम आसमान छू रहे हैं। कमेटी में खाद्य व आपूर्ति विभाग विभाग के संयुक्त निदेशक, मार्केट कमेटी के प्रशासक व संयुक्त/अतिरिक्त रजिस्ट्रार कोऑपरेटिव सोसाइटीज को शामिल किया गया है। कमेटी की अध्यक्षता इन सभी में से सबसे वरिष्ठ अधिकारी करेंगे, जबकि इसमें विभाग के संयुक्त निदेशक को मेंबर कन्वीनर बनाया गया है। कमेटी की तरफ से जिन भी फल सब्जियों के दाम अधिक होंगे, उनकी उपलब्धता व वितरण को लेकर योजना तैयार की जाएगी। साथ ही इनके दाम व क्वालिटी का भी ध्यान रखा जाएगा। इस काम के लिए महीने में एक बार कमेटी की बैठक होगी। शहर में 80 से 100 रुपये किलो थोक में टमाटर मिल रहा है जबकि रिटेल में 120 से 140 रुपये प्रति किलो टमाटर की बिक्री हो रही है। टमाटर के इन बढ़े हुए दामों पर रोक लगाने के लिए ही विभाग ने कमेटी से अपनी रिपोर्ट मांगी है ताकि दाम को कंट्रोल करने के लिए उचित कदम उठाए जा सकें। प्रशासन की तरफ से आदेश जारी किए गए हैं कि यह कमेटी एक प्लान तैयार करेगी कि कैसे जिन सब्जियों के दाम बहुत महंगे हैं, उनकी खरीद करके आमजन को सस्ते दरों पर उपलब्ध कराया जा सकता है।