हरियाणा रोडवेज के कर्मचारियों और डिपो महाप्रबंधकों के बीच टकराव बढ़ता जा रहा है। मांगें पूरी न होने के कारण कर्मचारियों में रोष व्याप्त है। इसके साथ ही यूनियन के नेताओं की ड्यूटी डीजी के आदेशों पर डिपो से बाहर लगाने पर भी कर्मचारी खफा हैं।
ऑल हरियाणा रोडवेज वर्कर्स यूनियन के राज्य प्रधान हरिनारायण शर्मा, चंडीगढ़ डिपो के प्रधान व राज्य महासचिव बलवान सिंह दोदवा, कार्यकारी प्रधान चंद्रभान सोलंकी, सचिव महेंद्र मोहाली, कैशियर विरेंद्र गौरिया व उप-सचिव जगदेव सिंह यादव ने बताया कि रोडवेज के चंडीगढ़ सहित अन्य डिपो राम भरोसे चल रहे हैं। किसी भी कर्मचारी का कोई भी काम समय पर नही हो रहा।
महाप्रबंधकों के कार्यालय में फाईलों के ढेर लगे पड़े हैं। कोई भी फाइल समय पर नही निकलती। डिपो कर्मियों का 8 महीने का बकाया ओवरटाइम का भुगतान नहीं हो रहा, वर्ष 2012-14 में लगे परिचालक-चालकों को 7वें वेतन आयोग के एरियर का भुगतान नहीं किया गया। कर्मचारियों की एसीपी नहीं लग रही, बकाया पड़े एरियर का भुगतान भी नहीं किया जा रहा।
2 वर्ष से शिक्षा भत्ता बकाया है। डिपो कमेटी ने 25 अप्रैल को चंडीगढ़ डिपो के महाप्रबंधक को 20 सूत्रीय मांग पत्र को सौंपा था। इन सभी समस्याओं का समाधान करने की अपील की थी, लेकिन कोई गौर नहीं किया गया। यूनियन ने चेतावनी दी है कि अगर महाप्रबंधकों का यही रवैया रहा तो तुरंत बैठक बुलाकर आंदोलन की रूपरेखा तैयार की जाएगी।