पंजाब एवं हरियाणा हाईकोर्ट ने पंजाब सरकार को निर्देश जारी किए हैं कि गोल्डन टेंपल के गलियारे में अवैध निर्माण पर कानून के तहत कार्रवाई की जाए।
सोमवार को मामले की सुनवाई के दौरान चीफ जस्टिस संजय किशन कौल एवं जस्टिस एजी मसीह पर आधारित खंडपीठ ने सरकार को कार्रवाई के लिए दो माह की मोहलत दी।
हाईकोर्ट ने स्पष्ट किया कि कार्रवाई के दौरान कोई सरकारी अफसर लेट लतीफी करता है, तो उससे जुर्माना वसूला जाए। अब मामले की सुनवाई 3 फरवरी को होगी।
हाईकोर्ट ने याचियों की उस अपील को भी खारिज कर दिया जिसमें गलियारे में अवैध निर्माण कर रहे होटल, सराय मालिकों को प्रतिवादी बनाया जाने का आग्रह किया था।
हाईकोर्ट ने कहा कि सरकार खुद इस मामले के निपटारे में सक्षम है। मामले की सुनवाई के दौरान अमृतसर के सीनियर टाउन प्लानर ने हाईकोर्ट में हलफनामा दाखिल कर स्वीकार किया कि गलियारे में अवैध निर्माण चल रहा है।
उन्होंने कहा कि 30 अक्तूबर को अमृतसर नगर निगम के आयुक्त ने ऐसे भवनों को चैक करने के लिए टीमों के गठन के निर्देश जारी किए थे।
सहायक टाउन प्लानर सुरेश राज को मामले का नोडल आफिसर बनाया गया है। हलफनामे में कहा गया है कि गलियारे में 31 भवनों का निर्माण चल रहा है।
सिर्फ 14 का साइट प्लान मंजूर हुआ है। हलफनामे में कहा गया है 16 लोगों को नोटिस जारी किया गया है।