मई का नाम सुनते ही शरीर से पसीना छूटना शुरू हो जाता है, लेकिन इस बार मई की गर्मी नहीं रुला पाएगी। पश्चिमी विक्षोभ अधिक बनने के कारण मई में गर्मी बढ़ते ही मौसम का मिजाज बदल जाएगा। काले बादल छा जाएंगे और बूंदाबांदी से तापमान में दो से तीन डिग्री की गिरावट दर्ज की जाएगी।
आपको बता दें कि वर्ष 2014 में बंगाल की खाड़ी में पश्चिमी विक्षोभ के बदलाव के कारण मौसम में लगातार बदलाव हुए थे। ऐसे ही कुछ हालात वर्ष 2020 में भी बन रहे हैं। इसके साथ ही मार्च और अप्रैल में भी ठंडक रहने के कारण इस बार मई माह की गर्मी चंडीगढ़ के लोगों को परेशान नहीं कर पाएगी।
वैसे अमूमन मई माह में चंडीगढ़ का तापमान 38 से 39 डिग्री तक दर्ज किया जाता रहा है। इस बार मौसम में होने बदलाव के कारण दो से तीन डिग्री तापमान में गिरावट दर्ज की जाएगी। यूटी के मौसम विभाग के निदेशक सुरेंद्र पाल ने बताया कि इस बार बंगाल की खाड़ी में सामान्य दिनों की अपेक्षा काफी पश्चिमी विक्षोभ बन रहे हैं, जिसके कारण मौसम में यह बदलाव देखने को मिल रहे हैं। इन बदलाव के कारण मई अन्य वर्षों की भांति कम तपेगी।
तेज हवाएं भी करेंगी परेशान
मई में तेज हवाओं के चलने का सिलसिला जारी रहेगा। दिन और रात के दौरान कुछ घंटों के लिए तेज हवाएं चल सकती हैं, जो लोगों के लिए परेशानी का सबब बन सकती हैं। मौसम विभाग ने यह भी संभावना जताई है कि ये तेज हवाएं आंधी का भी रूप ले सकती हैं।