मगर सीबीआई डेरे के भीतर प्रवेश करे, इससे पहले रेस्ट हाउस में ही एक विशेष मीटिंग रखी गई। जिसमें सीबीआई टीम सदस्यों समेत कुछ नेता और मुख्य डेरा अनुयायी शामिल रहे। मीटिंग में डेरा अनुयायियों ने सीबीआई पर दबाव बनाया कि सीबीआई बिना हथियारों के डेरे में जाएगी। इससे सीबीआई दबाव में तो थी, लेकिन इस मौके को छोड़ना भी नहीं चाहती थी।
लिहाजा सीबीआई ने बड़ा जोखिम उठाते हुए निहत्थे ही डेरे में प्रवेश करने का फैसला लिया। डेरे में प्रवेश होने के बाद सीबीआई टीम को एक बड़े हाल में काफी देर तक बिठाया गया और फिर डेरामुखी वहां पहुंचे। छत्रपति मर्डर केस से जुडे़ कई अहम सवालों की फेहरिस्त लेकर डेरामुखी के सामने पहुंची सीबीआई ने डेरामुखी के समक्ष सवाल दागने शुरू किए। लेकिन डेरामुखी ने बहुत ही सहजता से सीबीआई के हर सवाल का गोलमाल जवाब देते हुए अपने ऊपर लगे तमाम आरोपों को खारिज कर दिया और फिर हॉल से उठकर चले गए।