कालका-नई दिल्ली के बीच चलने वाली शताब्दी एक्सप्रेस पर शुक्रवार को दप्पर से पहले असामाजिक तत्वों ने पथराव कर दिया। इससे कोच में सवार यात्रियों में दहशत फैल गई।
आनन-फानन में ट्रेन में मौजूद आरपीएफ के जवानों ने दप्पर से पहले ट्रेन रोक कर चेकिंग अभियान चलाया। इस दौरान वहां पर कोई भी पकड़ में नहीं आया। आरपीएफ ने अज्ञात के खिलाफ मामला दर्ज कर खोजबीन शुरू कर दी है।
शुक्रवार को शताब्दी एक्सप्रेस सुबह 6.53 बजे चंडीगढ़ से नई दिल्ली के लिए रवाना हुई। दप्पर से पहले 7:10 बजे कुछ असामाजिक तत्वों ने ट्रेन के कोच सी- थ्री पर पथराव कर दिया। इसके बाद ट्रेन में दहशत फैल गई। इस दौरान ट्रेन को रुकवाकर चेकिंग अभियान चलाया गया, लेकिन कोई असामाजिक तत्व पकड़ में नहीं आया।
दस मिनट के बाद ट्रेन फिर से चली। चंडीगढ़ स्टेशन के आरपीएफ थाना प्रभारी जीएस वडै़च ने बताया कि जहां पर पत्थर चला है। वहां पर आरपीएफ स्टाफ की ओर से ट्रेन रोककर अभियान चलाया गया। हम खोजबीन करेंगे। अगर कोई आरोपी पकड़ा जाएगा तो उस पर सख्त कार्रवाई की जाएगी।
अक्तूबर में चौथी घटना
शताब्दी में पत्थरबाजी की अक्तूबर माह में यह चौथी घटना है। आरपीएफ थाना प्रभारी जीएस वडै़च ने बताया कि ट्रेनों में पत्थर बाजी की घटना पर अज्ञात के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया गया है। मालूम हो कि बीते माह आरपीएफ की ओर से ट्रेनों में पत्थर मारे जाने से होने वाले नुकसान को लेकर जागरूकता अभियान चलाया गया था, लेकिन यह फेल हो गया है।