प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के भाई प्रहलाद मोदी आईपीएल मामले में इंफोर्समेंट डायरेक्टोरेट (ईडी) के कथित भगोड़े ललित मोदी के बचाव में उतर आए हैं। उन्होंने कहा कि विदेश मंत्री सुषमा स्वराज की ओर से ललित मोदी की पत्नी के कैंसर के इलाज के लिए विदेश जाने में मदद करना कोई गलत नहीं है।
प्रहलाद मोदी ने कहा कि अक्षरधाम मंदिर के हमलावरों को घसीटने पर मानवाधिकार की दुहाई दी गई थी, तो ललित मोदी को विदेश जाने में मदद करना गलत नहीं है। प्रहलाद मोदी देशभर में राशन डिपो धारकों के हक की लड़ाई लड़ रहे हैं। इसी सिलसिले में पंजाब व हरियाणा के राज्यपाल कप्तान सिंह सोलंकी को मांग पत्र देने के लिए शुक्रवार को चंडीगढ़ पहुंचे थे।
उनके साथ संस्था के पंजाब प्रधान गुरजिंदर सिद्धू भी थे। इससे पहले पत्रकार वार्ता में उन्होंने योग के विरोध को भी गलत ठहराया। उन्होंने कहा कि लोगों को योग की शिक्षा देने के लिए बाबा रामदेव और अन्य को आमंत्रित करना गलत नहीं है। कांग्रेस के विरोध को गलत ठहराते हुए प्रहलाद मोदी ने कहा कि योग भारतीय संस्कृति का हिस्सा है।
इसका विरोध करना भारत की संस्कृति काअपमान करना है। दिल्ली के कानून मंत्री तोमर के कथित फर्जी सर्टिफिकेट पर कार्रवाई की भांति कांग्रेस के आरोप के मुताबिक केंद्रीय मानव संसाधन एवं विकास मंत्री स्मृति इरानी के सर्टिफिकेट की जांच पर दिए बयान को उन्होंने नकार दिया।
प्रहलाद मोदी का कहना है कि वह राजनीति नहीं करते, हालांकि यह कहा कि स्मृति इरानी के सर्टिफिकेट के खिलाफ बोलने वाली कांग्रेस इस मुद्दे से क्यों भाग गई? पीएम मोदी के दृढ़ इरादों के बारे उनके भाई ने कहा कि नरेंद्र मोदी 20 साल की उम्र में घर छोड़ गए थे।
प्रहलाद मोदी ने कहा कि नरेंद्र मोदी ने गुजरात में जब सत्ता संभाली, उस वक्त कांग्रेस के पूर्व मुख्यमंत्रियों ने कई कटाक्ष किए, लेकिन गुजरात का विकास पीएम मोदी के दृढ़ इरादों का गवाह है। प्रहलाद मोदी ने कहा है कि नरेंद्र मोदी देश के प्रति अपनी दृढ़ता पर खरे उतरेंगे।