चंडीगढ़। पंद्रह वर्ष की उम्र में झारखंड के रांची से घर छोड़कर चंडीगढ़ पहुंची मोना की जिंदगी का संघर्ष फैक्ट्रियों से शुरू हुआ। फार्मास्यूटिकल कंपनियों में दवाइयों के डिब्बे ढोने के बाद लॉकडाउन में एक समय ऐसा भी आया जब मोना की नौकरी चली गई। ट्रांसजेंडर होने के बावजूद मोना ने हार नहीं मानी। कुछ शुभचिंतकों और नगर निगम के सहयोग से मोना का वेंडर लाइसेंस बना। केंद्र सरकार की योजना के तहत 10 हजार रुपये के लोन मिला तो मोना की जिंदगी की गाड़ी चल पड़ी। मोना के लिए शनिवार का दिन विशेष रहा। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शनिवार को विकसित भारत संकल्प यात्रा के लाभार्थियों से बात की। इस दौरान उन्होंने चंडीगढ़ की रहने वाली मोना से वीडियो कान्फ्रेंसिंग के जरिए सीधी बात की और उसके संघर्ष को सलाम भी किया।
अमर उजाला से बातचीत में मोना ने बताया कि उनकी खुशी का ठिकाना नहीं रहा जब नगर निगम के अधिकारियों ने उन्हें बताया कि पीएम मोदी उनसे बात करेंगे। पीएम से बातचीत में मोना ने बताया कि वह लोन के तीसरे राउंड तक पहुंच चुकी हैं। यही वजह है कि उनका ब्याज भी जीरो हो चुका है। मोना ने कहा कि किन्नर समाज के लोग भी काम देखकर खुश हैं। उनका लाइसेंस बनवाने में किन्नर समाज के शुभचिंतक धनंजय चौहान का विशेष सहयोग रहा।
इस अवसर पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा कि अगर भारत का युवा मेहनत करना तय कर ले तो वह नई दुनिया खड़ा कर सकता है। चंडीगढ़ की मोना को पीएम मोदी ने नमस्ते की और इसके बाद उनके बारे में जाना। मोना की मेहनत ने पीएम मोदी को भी उनका मुरीद बना दिया। मोना ने पीएम को बताया कि वह किन्नर हैं और चंडीगढ़ के इंडस्ट्रियल एरिया फेस-एक स्थित एलांते मॉल के पास चाय की दुकान लगाती हैं। मोना ने पीएम मोदी को बताया कि उनका चाय का काम बहुत अच्छा चल रहा है। वहीं, पीएम मोदी ने मोना से बातचीत में कहा कि मैं भी लंबे समय तक चंडीगढ़ में रहा हूं। चंडीगढ़ से मैं बहुत परिचित हूं।
सुबह 6:00 से रात 10:00 बजे तक करती हैं काम
पीएम मोदी से बातचीत के दौरान मोना ने बताया कि वह सुबह छह से रात 10 बजे तक दुकान चलाती हैं। अकेले की काम करती हैं। इस दौरान पीएम मोदी ने उनसे पूछा कि स्वनिधि का आपको लाभ मिला? इस पर मोना ने कहा कि इससे बहुत लाभ मिला है। मोना ने बताया कि लॉकडाउन के दौरान स्थिति बहुत खराब हो गई थी। कहीं से कोई सहयोग नहीं मिल रहा था। अकेली पड़ चुकी थी। चिंता सता रही थी कि कैसे दुकान करूंगी? इसके बाद नगर निगम ने जानकारी दी कि आपका 10 हजार रुपये का लोन आया है। मोना ने बताया कि उस दौरान बहुत खुशी हुई। 10 हजार रुपये का लोन लेने के बाद काम शुरू किया। इसके बाद 20 हजार रुपये का लोन मिला। अब 50 हजार रुपये का लोन चल रहा है। मोना ने पीएम मोदी को यह भी बताया कि ग्राहक ज्यादातर ऑनलाइन भुगतान करते हैं।
पीएम बोले- आपके काम ने साबित किया, सही दिशा में जा रही सरकार
मोना आठवीं तक पढ़ी हैं। पीएम मोदी ने कहा कि मोना आपके काम ने यह साबित कर दिया है कि हमारी सरकार सही दिशा में काम कर रही है। पीएम मोदी ने यह भी बताया कि असम के एक रेलवे स्टेशन पर सभी दुकानें किन्नर समाज के लोग चलाते हैं। उनका कारोबार बहुत अच्छा चल रहा है।