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नागरिकता संशोधन बिल पास होने से सिख परिवार खुश, बोले- हम भारतीय हैं और हमें इस पर गर्व है

Wed, 11 Dec 2019 02:05 PM IST
खुशबू गोयल न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़
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सिख परिवार - फोटो : एएनआई
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मोदी सरकार द्वारा तैयार नागरिकता संशोधन बिल से अफगानिस्तान से आए सिख परिवार बेहद खुश हैं और उन्होंने इसके लिए पीएम मोदी का आभार व्यक्त किया है। साथ ही गृहमंत्री अमित शाह का भी आभार जताया। उन्होंने अपनी खुशी जाहिर करते हुए कहा कि हम भारतीय हैं और हमें इस पर गर्व है। लेकिन बिल पास होने से हमें भारत की नागरिकता मिल जाएगी। भारतीय होने पर मुहर लग जाएगी। आज तक हमने जो परेशानियां उठाई हैं, उन सभी का निदान हो जाएगा।
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इस विधेयक से क्या लाभ होगा
भारत की नागरिकता हासिल करने के लिए देश में 11 साल निवास करने वाले लोग योग्य होते हैं। नागरिकता संशोधन बिल में बांग्लादेश, पाकिस्तान और अफगानिस्तान के शरणार्थियों के लिए निवास अवधि की बाध्यता को 11 साल से घटाकर 6 साल करने का प्रावधान है।

क्या है नागरिकता संशोधन विधेयक में  
नागरिकता संशोधन बिल नागरिकता अधिनियम 1955 के प्रावधानों को बदलने के लिए पेश किया जा गया है, जिससे नागरिकता प्रदान करने से संबंधित नियमों में बदलाव होगा। नागरिकता बिल में इस संशोधन से बांग्लादेश, पाकिस्तान और अफगानिस्तान से आए हिंदुओं के साथ ही सिख, बौद्ध, जैन, पारसी और ईसाइयों के लिए बगैर वैध दस्तावेजों के भी भारतीय नागरिकता हासिल करने का रास्ता साफ हो जाएगा।

नागरिकता संशोधन विधेयक में क्या है प्रस्ताव?
नागरिकता (संशोधन) विधेयक 2016 को 19 जुलाई 2016 को लोकसभा में पेश किया गया था। 12 अगस्त 2016 को इसे संयुक्त संसदीय समिति को सौंप दिया गया था। समिति ने इस साल जनवरी 2019 में इस पर अपनी रिपोर्ट दी थी। इसके बाद नौ दिसंबर 2019 को यह विधेयक दोबारा लोकसभा में पेश किया गया, जहां देर रात यह ध्वनिमत से पारित हो गया।

इसके बाद 12 दिसंबर 2019 को यह राज्यसभा में पेश किया गया है। अगर नागरिकता संशोधन विधेयक पास हो जाता है, तो अफगानिस्तान, पाकिस्तान और बांग्लादेश के सभी गैरकानूनी प्रवासी हिंदू, सिख, बौद्ध, जैन, पारसी और ईसाई भारतीय नागरिकता के योग्य हो जाएंगे।

इसके अलावा इन तीन देशों के सभी छह धर्मों के लोगों को भारतीय नागरिकता पाने के नियम में भी छूट दी जाएगी। ऐसे सभी प्रवासी जो छह साल से भारत में रह रहे होंगे, उन्हें यहां की नागरिकता मिल सकेगी। पहले यह समय सीमा 11 साल थी।

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