इसी वीडियो में इन बयानों से पहले, काफिले की ट्राली पर सवार नवजोत सिद्धू किसी मुद्दे पर कैबिनेट मंत्री विजय इंदर सिंगला को यह कहते हुए सुनाई दे रहे हैं कि कांग्रेस मरती है तो मरे। प्रदेश प्रधान पद से अपना इस्तीफा सौंप चुके सिद्धू ने लखीमपुर कूच के साथ भले ही यह साबित करने का प्रयास किया कि वह प्रधान के रूप में अपना कार्यकाल जारी रखना चाहते हैं लेकिन ताजा वीडियो ने साफ कर दिया है कि सिद्धू पार्टी के फैसलों से खुश नहीं हैं। उनका एकमात्र लक्ष्य राज्य का शीर्ष पद हासिल करना है, जिसके लिए भले ही पार्टी को नुकसान पहुंचे या पार्टी की सरकार को।
साबित हो गया, सिद्धू को सिर्फ कुर्सी चाहिए: शिअद
सिद्धू के वायरल वीडियो को शिरोमणि अकाली दल (शिअद) ने निशाने पर ले लिया है। पार्टी के सीनियर उपाध्यक्ष डॉ. दलजीत सिंह चीमा ने कहा कि प्रदेश कांग्रेस प्रधान ने साबित कर दिया कि वह एससी वर्ग और मुख्यमंत्री चन्नी का कितना सम्मान करते हैं। सिद्धू की बातों से साफ हो गया है कि वह एससी वर्ग से मुख्यमंत्री बनाए जाने को लेकर कितने नाराज हैं।
चीमा ने कहा कि सिद्धू ने यह भी कहा कि कांग्रेस पार्टी डूबता जहाज है और मौजूदा लीडरशिप की अगुवाई में पंजाब में कांग्रेस को कोई भविष्य नहीं है। चीमा ने कहा कि सिद्धू ने अब यह साबित कर दिया है कि उन्हें किसानों या उनके मामलों से कुछ लेना-देना नहीं बल्कि वह केवल प्रदेश की शीर्ष कुर्सी हासिल करने के लिए शह-मात के खेल में व्यस्त हैं। ऐसे व्यक्ति जो सिर्फ अपनी इच्छाओं की पूर्ति चाहते हैं, वे किसी भी तरीके से लोगों की भलाई के लिए काम नहीं कर सकते। चीमा ने कहा कि सिद्धू अब बेनकाब हो गए हैं और कांग्रेस प्रधान सोनिया गांधी पंजाबियों को बताएं कि उन्होंने एससी वर्ग का मुख्यमंत्री बनाकर लोगों को मूर्ख बनाने का प्रयास क्यों किया।