- सचिवालय में कार्यरत कर्मचारियों, अधिकारियों के पहचान पत्र में पे कोड होगा
- ड्यूटी के दौरान सभी अधिकारी, कर्मचारी पहचान पत्र गले में डालकर रखेंगे
- सचिवालय के अधिकारियों, कर्मचारियों, आगंतुकों व विभागों के कर्मचारियों के प्रवेश कार्ड के रंग व डिजाइन को बदला जाएगा
- विभागों, बोर्ड, निगमों के अधिकारियों, कर्मचारियों के पास पर अब सिर्फ एंट्री पास लिखा होगा, गेट पास नहीं लिखा जाएगा
- विभाग, बोर्ड, निगम अपने के कर्मचारियों के कार्ड का रंग सचिवालय कर्मचारियों, अधिकारियों के कार्ड से मिलता-जुलता नहीं होगा।
- एमएलए के साथ सिर्फ एक निजी सहायक ही सचिवालय के अंदर जा सकेगा, आगंतुकों को प्रवेश नहीं मिलेगा। विजिटर पास सिस्टम वीआईपी गेट पर ही लगेगा
- सूचना एवं जनसंपर्क विभाग, डीजीपी कार्यालय, एलआर व आईटी विभाग के अधिकारियों, कर्मचारियों को केवल प्रवेश पास दिया जाएगा, पहचान पत्र उन्हें विभाग ही देंगे
- सीएम कार्यालय की सुरक्षा के लिए सुझाए गए अन्य बिंदुओं पर भी जल्द अमल किया जाएगा
सचिवालय सबके लिए खुला इसलिए सख्ती
कोरोना की दूसरी लहर धीमी पड़ने के बाद सचिवालय में आगंतुकों का प्रवेश शुरू हो गया है। ऐसे में कोई असामाजिक तत्व सचिवालय में प्रवेश करने के बाद मुख्यमंत्री कार्यालय तक न पहुंच जाएं इसलिए सुरक्षा पहले से कड़ी की गई है। किसान आंदोलन में सरकार और आंदोलनकारियों के बीच तल्खियां बढ़ी हैं। मुख्यमंत्री संयम की परीक्षा न लेने की बात कह चुके हैं तो किसान नेता गुरनाम चढ़ूनी ने सीएम को पाकिस्तानी तक कह दिया है। ऐसे में कोई अप्रिय घटना घटित न हो, इसलिए सुरक्षा और चाक-चौबंद की है।