देश के कई राज्यों में फैले 250 करोड़ से ज्यादा राशि के छात्रवृत्ति घोटाले की जद में कई और निजी शिक्षण संस्थान आएंगे। अभी तक की जांच में सीबीआई एक से 40 करोड़ तक राशि प्राप्त करने वाले 22 निजी शिक्षण संस्थानों पर कार्रवाई कर चुकी है। अब 50 लाख से 99 लाख तक राशि प्राप्त करने वाले शिक्षण संस्थानों पर कार्रवाई की जाएगी। हिमाचल सहित पंजाब, हरियाणा, जम्मू और चंडीगढ़ में स्थित इन शिक्षण संस्थानों में सीबीआई की दबिश होने की संभावना है।
प्रदेश में छात्रवृत्ति के नाम पर हुए 250 करोड़ के घोटाले में प्रदेश समेत बाहरी राज्यों के कई और शिक्षण संस्थान जांच के दायरे में आ रहे हैं। इसको लेकर भी केंद्रीय जांच एजेंसी गहनता से छानबीन कर रही है। अभी सीबीआई ने उन बड़े शिक्षण संस्थानों पर शिकंजा कसा है, जहां एक से चालीस करोड़ की छात्रवृत्ति फर्जी तरीके से हड़पी गई है। इसमें कई शिक्षण संस्थान ऐसे भी हैं, जिन्होंने करीब 40 करोड़ रुपये तक छात्रवृत्ति के नाम पर ऐेंठे हैं।
इसके अलावा कई संस्थानों पर 10 से 15 करोड़ रुपये की रकम का गोलमाल करने का आरोप हैं। सूत्रों के मुताबिक प्रारंभिक जांच में सीबीआई ने 40 करोड़ से लेकर करीब एक करोड़ रुपये तक की छात्रवृत्ति राशि ऐंठने वाले संस्थानों का रिकॉर्ड जब्त कर लिया है। यह संस्थान करीब 22 हैं। इसके अलावा भी प्रदेश और पंजाब, हरियाणा समेत अन्य राज्यों में ऐसे संस्थान भी हैं, जिन पर एक करोड़ की राशि से कम छात्रवृत्ति राशि का हेरफेर करने का आरोप है।
इन संस्थानों पर भी सीबीआई जल्द कार्रवाई करने वाली है। इसमें कोई 80 लाख तो कोई 50 लाख या इससे कम रकम प्राप्त करने वाले शिक्षण संस्थान हैं। ऐसे में आने वाले समय में छात्रवृत्ति के नाम पर फर्जीवाड़ा करने वाले संस्थानों की संख्या और अधिक होगी। हालांकि जांच का दायरा अधिक होने के चलते अभी तक सीबीआई ऐसे संस्थानों पर कार्रवाई करने को कुछ और समय लगाएगी।