10 लाख रुपये में सरकारी नौकरी... ऐसा ही कुछ हुआ है चंडीगढ़ दमकल विभाग में फायरमैन की भर्ती में। लगभग तीन साल पहले यह भर्ती हुई थी, लेकिन अब घोटाले का पर्दाफाश हुआ है।
चंडीगढ़ के नगर निगम के दमकल विभाग में बड़ा भर्ती घोटाला हुआ है। यूटी प्रशासन में 2022 में हुई 273 फायरमैन की भर्ती में घोटाले का खुलासा हुआ है। 10-10 लाख रुपये में 60 से ज्यादा फायरमैन भर्ती करवाए गए। भर्ती करवाने में महेंद्रगढ़ और सोनीपत के गांव बजाणा की गैंग शामिल है। मामले की गंभीरता से जांच की जाए तो फर्जी तरीके से भर्ती हुए फायरमैन की संख्या 100 के पार पहुंच सकती है।
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हैरानी की बात है, ऐसे फायरमैन करीब दो साल से दमकल विभाग में ठाठ से नौकरी कर रहे हैं। फर्जीवाड़े के मामले में पुलिस ने गोपनीय एफआईआर 4 मार्च 2024 को दर्ज की थी। जिसमें सोनीपत के गांव बजाणा निवासी दीपक, बृजेंद्र और नवीन को गिरफ्तार किया था। तीनों फायरमैन की नौकरी कर रहे थे।
सूत्रों ने बताया कि जुलाई 2023 एएसआई की भर्ती में पकड़े गए संतोष ने पूछताछ में बताया था कि उसने और सोमवीर ने लगभग 60 लोगों को फायरमैन भर्ती करवाया था। लेकिन पुलिस जांच तीन आरोपियों के आगे नहीं बढ़ सकी। फायरमैन भर्ती हुए दीपक, बृजेंद्र और नवीन की जगह परीक्षा देने वालों को भी पुलिस नहीं पकड़ सकी। गैंग में महेंद्रगढ़ का गैंग भी है, जिन्होंने फर्जी तरीके से फायरमैन भर्ती करवाए हैं। दीपक, बृजेंद्र और नवीन ने बताया था कि संतोष और सोमवीर ने उन्हें 10 लाख में भर्ती कराया था। आरोपियों ने बताया था कि इन दोनों ने कई और को भी फायरमैन के तौर पर भर्ती कराया है।