अमर उजाला ब्यूरो
चंडीगढ़। विधायक कुलदीप सिंह धालीवाल ने आरोप लगाया कि कनाडा बेस्ड नशा तस्कर सतप्रीत सिंह उर्फ सत्ता पूर्व कैबिनेट मंत्री व अकाली दल के नेता बिक्रम सिंह मजीठिया का सहयोगी है। उसके कनाडा से प्रत्यर्पण के बाद राजनीतिक भूचाल आएगा और बड़े खुलासे होंगे। धालीवाल मंगलवार को प्रेसवार्ता को संबोधित कर रहे थे।
उन्होंने कहा कि सत्ता के खिलाफ इंटरपोल ने ब्लू कॉर्नर नोटिस जारी किया है। केंद्र सरकार कनाडा के साथ अपने संबंधों के जरिये उसके प्रत्यर्पण की कोशिश कर रही है। धालीवाल ने मोहाली की अदालत की ओर से मजीठिया की जमानत याचिका खारिज किए जाने के बाद अकाली नेताओं पर बड़ा सियासी हमला बोला है। उन्होंने कहा कि अदालत के फैसले से साबित हो गया है कि विजिलेंस ब्यूरो ने राजनीतिक बदले की भावना से नहीं, बल्कि ठोस सबूतों के आधार पर कार्रवाई की थी।
धालीवाल ने कहा कि पहले दिन से ही अकाली दल और कुछ कांग्रेसी नेताओं ने मजीठिया की गिरफ्तारी को उत्पीड़न बताकर लोगों को गुमराह करने की कोशिश की, लेकिन अदालती फैसले ने उनके झूठ का पर्दाफाश कर दिया है। कोर्ट ने यह साबित कर दिया कि विजिलेंस के पास मजीठिया के खिलाफ पुख्ता सबूत हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि अकाली दल के राज में 2007 से 2017 तक बड़े पैमाने पर नशे का कारोबार फैला।
इसी तरह आप पंजाब प्रधान अमन अरोड़ा ने भी इसे लेकर मजीठिया को घेरा है। उन्होंने कहा कि जमानत रद्द होने से साफ हो गया है कि मजीठिया के खिलाफ केस में ठोस सबूत हैं।