चुनावी माहौल में लुभावने वादों से भर रही है जनता की झोली
चुनावी माहौल में सूबे की जनता की झोली राजनीतिक दलों के लुभावने वादों से लबालब भर रही है। दो दिन पहले भाजपा ने गरीब को दो किलो देसी घी और पांच किलो चीनी देने का वादा किया था, उसी राह पर चलते हुए मंगलवार को शिरोमणि अकाली दल ने भी गरीब परिवारों को आटा दाल के साथ 10 रुपये किलो चीनी और 25 रुपये किलो घी देने का वादा किया। अन्य राजनीतिक दलों ने भी इसी तर्ज पर गरीबों को लुभाने में कोई कसर नहीं छोड़ी है। पार्टी का घोषणापत्र जारी करते हुए प्रधान सुखबीर बादल ने अगले पांच साल में पंजाब का कायाकल्प करने का सपना दिखाया।
एक तरफ भाजपा ने पिछड़े एवं गरीब परिवारों को आठ आठ मरले के प्लाट देने की बात की है, तो दूसरी तरफ अकाली दल ने सूबे के पांच लाख गरीब परिवारों के कच्चे घर पक्के करने का वादा कर सूबे को देश का पहला कच्चे घर मुक्त राज्य बनाने का सपना दिखाया है।
कांग्रेस द्वारा दस साल में पंजाब पीछे जाने के आरोप पर सुखबीर ने तंज कसा कि कैप्टन खुद पाकिस्तान और दुबई में रहते हैं, उनको विकास नहीं दिख रहा। दस साल तक विपक्ष सरकारी खजाने खाली होने की दुहाई देता रहा, जबकि दस साल में सूबे में विश्व स्तरीय इंफ्रास्ट्रक्चर हजारों करोड़ रुपये खर्च करके बनाया गया, क्योंकि शिअद भाजपा को सरकार चलाना आता है। सुखबीर ने दावा किया कि विकास के लिए जो लोन लिया जा रहा है, वह प्रोडक्टिव है।
सूबे की डेट ग्रोथ कम हो रही है। दस साल पहले सूबे की डेट रेशो 48 फीसदी थी, जो अब कम होकर 32 फीसदी रह गई है। जबकि हरियाणा, गुजरात समेत कई राज्यों की रेशो पंजाब से कहीं अधिक है।