चंडीगढ़। सर्दी बढ़ने के साथ ही नगर निगम ने शहर में सड़क निर्माण का कार्य बंद कर दिया है। निगम की ओर से सड़कों के निर्माण कार्य के लिए 60 करोड़ का टेंडर किया गया था। इसमें से 47 करोड़ के कार्य पूरे हो गए हैं। शेष 13 करोड़ के कार्य फरवरी में होंगे। इसके साथ ही निगम ने ठेकेदारों को 35 करोड़ तक भुगतान भी कर दिया है।
निगम आयुक्त केके यादव ने बताया कि नगर निगम ने इस साल सड़कों की मरम्मत के लिए 60 करोड़ रुपये का टेंडर किया गया था। इन सभी सड़कों का काम 2017-18, 2018-19 से रुका था। सड़कों की मरम्मत 24 फरवरी से शुरू की गई, लेकिन कोरोना महामारी की वजह से शहर में 23 मार्च से लॉकडाउन लग हो गया। लॉकडाउन हटने के बाद निगम ने 5 जून से सड़कों की मरम्मत फिर शुरू कराई, लेकिन बीच में बरसात होने के कारण काम रुकता गया। सितंबर माह से बारिश के बाद काम शुरू किया गया। इसमें सड़कों की मरम्मत के लिए रोड डिविजन नंबर एक का 10.50 करोड़, रोड डिविजन नंबर दो का 9.71 करोड़ और रोड डिविजन नंबर तीन का 13 करोड़ रुपये का काम पहले ही ठेकेदारों को दिया जा चुका था।
इसके बाद निगम ने 38 करोड़ 52 लाख रुपये से सड़कों की मरम्मत का कार्य आवंटित किया। यह वह सड़कें थीं, जो बारिश के बाद टूट गई थीं। अब काम करने वाली कंपनी को तीन साल तक रोड पर तारकोल की स्प्रे करवानी होगी। इसके अलावा टूट-फूट की मरम्मत भी करवानी होगी। इस तरह निगम ने इस वर्ष के सड़क निर्माण के कार्यों को रोक दिया है। अब आगे के कार्य फरवरी माह से होंगे।
कई जगह आधी सड़क बनाकर छोड़ी
काम के दौरान निगम ने कई स्थानों पर आधी सड़क बनाकर छोड़ दी है, जिससे लोगों हादसे का डर सता रहा है। सेक्टर-36 स्थित देव समाज कॉलेज के सामने निगम ने आधी सड़क बनाकर छोड़ दी है। सड़क इतनी खतरनाक तरीके से छोड़ी गई है कि दोपहिया वाहन कभी भी फिसल सकता है। यही हालत सेक्टर-9 मटका चौक के पास का है।