पंजाब के फतेहगढ़ साहिब में बीच सड़क 50 से ज्यादा वाहन एक दूसरे से टकरा गए। इस हादस में एक शख्स की मौत हो गई। घनी धुंध के कारण प्रिस्टन मॉल, हरबंसपुरा गांव और फ्लोटिंग रेस्टोरेंट नहर के पास करीब दस किमी में हुए हादसों में 60-70 वाहन एक दूसरे के पीछे टकराए। इसमें भूपिंदर सिंह निवासी रायकोट लुधियाना की मौत हो गई। वह एक ट्रक का क्लीनर था। ट्रक चालक ने उससे कहा था कि वह देखकर आए आगे क्या हुआ है। जब वह नीचे उतरा तो उसे दूसरे वाहन ने कुचल दिया। हादसे में कई अन्य लोग भी घायल हो गए। बाइक सवार सुरिंदर सिंह निवासी गांव पंडराली फतेहगढ़ साहिब की टांगों में फ्रेक्चर होने के कारण मंडी गोबिंदगढ़ सिविल अस्पताल से उसे सरकारी अस्पताल-32 रेफर किया गया है।
एसएचओ सरहिंद रजनीश सूद ने बताया कि हादसा सरहिंद नहर के पास खराब हुए तेजाब से भरे एक टैंकर के कारण हुआ जिससे तेजाब रिस रहा था। जैसे ही ट्रक से तेजाब रिसने की खबर राहगीरों को मिली तो आनन-फानन में एक दूसरे के पीछे करीब डेढ़ किमी तक कई वाहन आपस में टकरा गए। हादसे में इंडो-कैनेडियन बस, 30 के करीब छोटी-बड़ी महंगी कारें, करीब 12 ट्रक, दस टेंपो, बाइक का काफी नुकसान हुआ है। हादसे में कितने लोग घायल हुए किसी को कुछ नहीं पता। सभी घायल अपने स्तर पर विभिन्न अस्पतालों में इलाज करवा रहे हैं। जैसे ही तेजाब से भरे ट्रक से वाहन टकराए तो तेजाब सड़क पर फैल गया।
सड़क पर घने कोहरे व तेजाब के धुएं से स्थिति और भी भयावह हो गई। मौके पर पहुंची पुलिस ने रिकवरी वैन से ट्रक को रोड से हटाया और फायर ब्रिगेड की गाड़ियों ने रोड पर जमा तेजाब को पानी से साफ किया। तेजाब साफ करते वक्त राहगीरों व फायर टीम को काफी मशक्कत करनी पड़ी। पांच घंटे बाद भी रोड से उठता तेजाब का धुआं राहगीरों को परेशान करता रहा। खबर लिखे जाने तक पुलिस कार्रवाई करने और घायलों का पता लगाने में जुटी हुई थी। गौरतलब है कि 26 जनवरी को भी घनी धुंध के कारण मंडी गोबिंदगढ़ नेशनल हाईवे पर एक ट्रक से कई वाहन टकरा गए थे। बोलेरो कार समेत दो बाइक पूरी तरह जलकर राख हो गए थे। हादसे में करीब पांच लोग जख्मी हुए थे।