तीन साल से उसका साला सुनील कुमार करनाल मॉडल टाउन में रह रहा है। उसने उन्हें खर्च देना बंद कर दिया है। उसे अपने बेटे और बेटी की शादी के लिए भी पैसा चाहिए था। जोकि सुनील कुमार ही देता। लेकिन वह पैसे नहीं दे रहा है। इससे वह उनसे रंजिश रख रहा था। एक अप्रैल 2017 को रात के समय उसका साला सुनील कुमार अपनी कार में उनके घर जगाधरी पहुंचा।
उसने उन्हें बताया कि वह एक बाबा से चार पुड़िया लेकर आया है। ये पुड़िया उन सबको यमुना नहर में बहानी है। इससे उनकी आर्थिक स्थिति मजबूत और उनके घर की सभी दिक्कतें दूर हो जाएंगी। इस पर सुनील उसे, उसकी पत्नी और बेटा-बेटी को अपनी कार में बिठाकर नहर किनारे पांजुपुर पुल पर ले गया।
पांजुपुर पुल के पास उसने कार रोक ली। तब उसके साले ने एक-एक पुड़िया परिवार के चारों लोगों के हाथ में दे दी थी और नहर किनारे आंखें बंद कर खड़े होने के लिए कहा। उन्होंने उसकी बातों पर विश्वास कर आंखें बंद कर दी। इसी दौरान सुनील ने उसकी पत्नी विनोद कुमारी और बेटी नेहा को नहर में धक्का दे दिया।
उसने उन्हें भी धक्का देने की कोशिश की, लेकिन वे बच गए। इस दौरान उनकी सुनील के साथ हाथापाई हुई। उन्होंने शोर मचाया तो वहां पर कुछ लोग एकत्रित हो गए। इसके बाद सूचना पुलिस को दी गई। इस शिकायत पर सदर पुलिस ने हत्या का केस दर्ज किया था। तभी से मामला कोर्ट में चल रहा था।