पंजाब से बतौर चीफ इंजीनियर रिटायर्ड 85 वर्षीय सरदारा सिंह ने सेक्टर-36 स्थित घर में खुद को .32 बोर की लाइसेंसी पिस्टल से गोली मारकर आत्महत्या कर ली। सेक्टर-36 थाना पुलिस ने शव को सेक्टर-16 के सरकारी अस्पताल की मोर्चरी में रखवाकर मामले की जांच शुरू कर दी है। शुक्रवार को पोस्टमार्टम करवाया जाएगा। घटनास्थल से पुलिस को कोई सुसाइड नोट बरामद नहीं हुआ है।
डीएसपी साउथ दीपक यादव के अनुसार शुरुआती जांच में सामने आया है कि सरदारा सिंह पिछले कुछ समय से आंखों की बीमारी के चलते डिप्रेशन में थे। पुलिस को अंदेशा है कि शायद इसी परेशानी के चलते उन्होंने लाइसेंसी गन से खुद को गोली मारी है। उनका एक बेटा और दो बेटियां अमेरिका में रहते हैं, जबकि एक बेटी दिल्ली में रहती है। सरदारा सिंह यहां पत्नी गुरबख्श कौर के साथ रहते थे।
पत्नी सामान लेने गई तब मारी गोली
शुरुआती जांच में सामने आया है कि सरदारा सिंह की पत्नी गुरबख्श कौर वीरवार सुबह कुछ सामान लेने के लिए बाजार गई थी। इस दौरान सरदार सिंह घर में अकेले ही थे। करीब आधे घंटे बाद जब गुरबख्श कौर घर आईं तो घर का मुख्य दरवाजा अंदर से बंद था। कई बार खटखटाने के बाद भी जब सरदारा सिंह ने दरवाजा नहीं खोला तो परेशान होकर उन्होंने किराए पर रहने वाले हरप्रीत सिंह को घर की छत से अंदर जाकर देखने को कहा।
इस पर हरप्रीत घर की छत के रास्ते अंदर गया और सरदारा सिंह को तलाशते हुए उनके बेडरूम में पहुंचा। वहां सरदारा सिंह को खून से लथपथ हालत में पड़े देखा। इसके बाद उसने तुरंत अंदर से दरवाजा खोला और गुरबख्श कौर को इसकी जानकारी दी। सरदारा सिंह को अचेत हालत में खून से लथपथ देख उन्होंने इसकी सूचना पुलिस और आपातकालीन एंबुलेंस को दी। एंबुलेंस के पहुंचने पर सरदारा सिंह को सेक्टर-16 जीएमएसएच ले जाया गया। वहां जांच के बाद डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया।
एक कारतूस और एक खोल हुआ बरामद
पुलिस ने घटनास्थल की जांच की तो वहां से एक गन, एक कारतूस और एक कारतूस का खोल बरामद हुआ। जांच में सामने आया कि यह गन सरदारा सिंह की लाइसेंसी है। सरदारा सिंह ने गन से अपने गले के पास गोली मारी थी। गोली उनके गले से होते हुए उनके सिर को पार करते हुए निकल गई। पुलिस को घटनास्थल से कोई सुसाइड नोट नहीं मिला है।
बीमारी के कारण थे परेशान
पुलिस जांच में सामने आया है कि सरदारा सिंह की आंखों को इलाज चल रहा था और आंखों की बीमारी के कारण वे पिछले कुछ समय से परेशान थे। पुलिस को शुरुआती जांच के आधार पर अंदेशा है कि शायद बीमारी के कारण ही उन्होंने खुद को गोली मार आत्महत्या की है।