चंडीगढ़ में पब्लिक ट्रांसपोर्ट का इस्तेमाल सिर्फ एक प्रतिशत लोग ही कर रहे हैं। 95 प्रतिशत लोग निजी और चार प्रतिशत लोग इको फ्रेंडली वाहन (साइकिल-रिक्शा) का इस्तेमाल कर रहे हैं।
यह बात गवर्नमेंट मॉडल सीनियर सेकेंडरी सेक्टर-46 डी के आठवीं क्लास के स्टूडेंट के एक सर्वे में सामने आई है। तीन महीने के सर्वे में जब लोगों से पूछा गया कि क्या वे पब्लिक ट्रांसपोर्ट का प्रयोग करना चाहेंगे तो 93 प्रतिशत लोगों ने माना कि यदि पब्लिक ट्रांसपोर्ट की फ्रीक्वेंसी बढ़ा दी जाए तो वे इसका इस्तेमाल करेंगे।
विद्यार्थियों ने यह मॉडल मंगलवार को स्टेट लेवल चिल्ड्रेन साइंस कांग्रेस में पेश किया। इस मॉडल को सभी ने सराहा और प्रथम पुरस्कार मिला। स्टूडेंट मनीष, सुकन्या, पवनदीप, विशेषांक और युविका अब इस प्रोेजेक्ट को नेशनल चिल्ड्रेन साइंस कांग्रेस और इंडियन साइंस कांग्रेस में पेश करेंगे।
सीटीयू के सामने रखेंगे प्रोजेक्ट रिपोर्ट
बच्चे सर्वे की रिपोर्ट को सीटीयू के सामने पेश करेंगे ताकि इस पर काम किया जा सके। स्कूल टीचर बलजिंदर कौर, वीरेंद्र पाल कौर, टीना गोयल और शालिनी वशिष्ठ ने प्रोजेक्ट में बच्चों का सहयोग किया।