हाथरस। उत्तर मध्य रेलवे प्रयागराज के मंडल प्रबंधक और पार्सल अधीक्षक अलीगढ़ को जूते के गुम हुए तीन बंडलों की कीमत नौ हजार रुपये परिवादी को अदा करनी होगी। यह आदेश जिला उपभोक्ता विवाद प्रतितोष आयोग ने दिया है।आयोग ने कहा है कि रेलवे को शिकायतकर्ता को हुई आर्थिक, शारीरिक एवं मानसिक क्षति के लिए पांच हजार रुपये एवं मुकदमे के खर्चे के दो हजार रुपये निर्णय के एक माह की अवधि में अदा करने होंगे। अधिवक्ता रामकुमार शर्मा ने बताया कि शहर के नाई का नगला निवासी अनिल कुमार पुत्र बालकिशन ने आयोग के समक्ष दाखिल परिवाद में कहा था कि वह लकी शूज के नाम से फर्म चलाता है। परिवादी ने 12 फरवरी 2020 को 11 बंडल पार्सल अलीगढ़ रेलवे स्टेशन से चंडीगढ़ के लिए 800 रुपये भाड़ा देकर कालका मेल से बुक कराए थे। जब वह इस माल की डिलीवरी लेने चंडीगढ़ रेलवे स्टेशन पहुंचे तो केवल आठ बंडल की डिलीवरी मिली। शेष तीन बंडलों की डिलीवरी नहीं मिली। चंडीगढ़ के पार्सल कार्यालय ने 17 फरवरी 2020 को इस संबंध में शॉर्ट सर्टिफिकेट जारी करते हुए आश्वासन दिया कि शेष बंडलों की डिलीवरी भी एक-दो दिन में हो जाएगी।
उन्होंने 19 मार्च 2020 को मंडल रेलवे प्रबंधक को प्रार्थना पत्र भेजा, फिर भी शेष तीन बंडलों की डिलीवरी नहीं मिली। अनिल ने जिला उपभोक्ता विवाद प्रतितोष आयोग के समक्ष परिवाद दाखिल किया। सुनवाई आयोग की अध्यक्ष राकेश कुमार सदस्य कृष्ण प्रभाकर उपाध्याय एवं रंजना गोयल के समक्ष हुई।