पटियाला के राघोमाजरा इलाके में मंगलवार देर रात एक पुराने मकान की छत गिर गई। हादसे में इसके नीचे सो रहे दो सगे भाइयों की मौत हो गई, जबकि तीन घायल हो गए। घायलों में मरने वालों का एक और भाई शामिल है। सूचना मिलने पर सभी घायलों को तुरंत सरकारी राजिंदरा अस्पताल में दाखिल कराया गया। संबंधित दो नंबर डिवीजन पुलिस चौकी ने मामले में धारा 174 सीआरपीसी के तहत कार्रवाई करके जांच शुरू कर दी है।
मामले के जांच अधिकारी पुलिस चौकी प्रभारी मनजीत सिंह ने बताया कि राघोमाजरा इलाके में जंगी जत्था गुरुद्वारा साहिब के नजदीक एक पुराने मकान में कमरा किराये पर लेकर तीन भाइयों समेत पांच लोग रह रहे थे। यह सभी फल की रेहड़ी लगाकर रोजी-रोटी कमाते थे। मंगलवार देर रात खाना खाने के बाद यह पांचों लोग सोने की तैयारी कर रहे थे। इसी बीच धड़ाम से कमरे की छत इन पर आ गिरी। मलबे के नीचे दबने से मूलरूप से यूपी के इलाहाबाद के रहने वाले तीन सगे भाई रमाशंकर (55), मुन्ना लाल (35) व चिरंजी लाल (57) और दो अन्य गंगा राम व संतोष कुमार बुरी तरह से घायल हो गए।
शोर सुनकर मकान के अन्य कमरों में रहने वाले लोग इकट्ठा हो गए और तुरंत पांचों को मलबे से निकालकर अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने रमाशंकर व उसके भाई मुन्ना लाल को मृत घोषित कर दिया। बाकी का सरकारी राजिंदरा अस्पताल में इलाज कराया गया, जिनकी हालत अब ठीक है।
पुलिस के मुताबिक मकान काफी पुराना है और बलियों वाली छत थी। बीते कई दिनों से रह-रहकर पड़ रही बारिश के कारण जिस कमरे में उक्त पांचों लोग रहते थे, उसकी छत भी टपकने लगी थी। किरायेदारों ने मकान मालिक को मरम्मत के लिए कहा था और बाकी कमरों में मरम्मत का कार्य चल भी रहा था। जिस कमरे की छत गिरी, अभी उसकी मरम्मत बाकी थी लेकिन इससे पहले ही यह हादसा हो गया। पुलिस का कहना है कि मकान मालिक की कोई गलती नहीं है।