पंजाब यूनिवर्सिटी में ई रिक्शा चालकों की हड़ताल को लेकर पीयू प्रशासन व ठेकेदार के मध्य बैठक हुई, लेकिन इसमें ई रिक्शा चालकों के पक्ष में कोई निर्णय नहीं हुआ। पीयू प्रशासन ने साफ कह दिया है कि ई रिक्शा चालकों के साथ उनका कोई करार नहीं हुआ है। ठेकेदार व ई रिक्शा चालक अपना विवाद निपटाएं। यह बात सामने आने के बाद ठेकेदार के हौसले बुलंद हो गए।
ई रिक्शा चालकों का आरोप है कि उन्हें ठेकेदार की ओर से धमकी दी गई है कि प्रतिदिन 850 रुपये यदि कमाकर देंगे तो वह रिक्शा चलाएं। इससे रिक्शा चालकों में आक्रोश है। उन्होंने साफ कह दिया कि 700 से 750 रुपये ही प्रतिदिन किराया आता है। ऐसे में 100 रुपये वह कहां से लाएंगे। इसके अलावा उनका खर्च कहां से निकलेगा। कहा, सभी लोग ई रिक्शा चालकों का शोषण कर रहे हैं।
अब वह श्रम विभाग भी जाएंगे। साथ ही भूख हड़ताल करने की चेतावनी दी है। उन्होंने कहा है कि पीयू प्रशासन को ठेकेदार का अनुबंध इसी बेस पर खत्म कर देना चाहिए था लेकिन सभी की मिलीभगत से यह हो रहा है।