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पंजाब पुलिस बोली, हनीप्रीत न तो हिरासत में थी और न ही हिफाजत में

Wed, 04 Oct 2017 12:37 PM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, चंडीगढ़
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Honeypreet Insan Arrest
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हनीप्रीत मामले में पंजाब पुलिस पर लगाए जा रहे सभी आरोपों का पंजाब पुलिस के मुखिया ने सिरे से खंडन कर हरियाणा पुलिस का मुंह बंद कर दिया है। पंजाब सरकार ने उन खबरों का खंडन किया है, जिनमें कहा जा रहा था कि हनीप्रीत इंसा पंजाब पुलिस की हिरासत में है और उसे पंजाब सरकार की तरफ से हिफाजत दी जा रही है।
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पंजाब सरकार के प्रवक्ता ने कहा कि पंजाब सरकार की इस मामले में सिर्फ इतनी ही शमूलियत है कि हरियाणा पुलिस व अन्य  जांच एजेंसियों को हनीप्रीत के मामले के हल के लिए पूरा साथ दिया जा रहा है। प्रवक्ता ने कहा कि हनीप्रीत का पंजाब पुलिस की गिरफ्त में होने का कोई सवाल ही नहीं उठता क्योंकि पंजाब में उसके खिलाफ कोई भी आपराधिक मामला दर्ज नहीं है। न ही वह किसी ‘वांटेड लिस्ट’ में शुमार है।

उन्होंने कहा कि पंजाब सरकार खास तौर पर पुलिस और खुफिया विभाग पड़ोसी राज्य हरियाणा को इस मामले संबंधी सिर्फ इनपुट ही दे रहा था। इससे इंसाफ हो सके और कानून एवं व्यवस्था को दुरुस्त रखा जा सके। उन्होंने कहा कि जब से डेरे का मुद्दा उठा है, तब से पंजाब पुलिस राम रहीम और उनके अनुयायिओं की गतिविधियों संबंधी जानकारी हरियाणा के साथ सांझा कर रहा था।
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पंजाब सरकार किसी भी कीमत पर हनीप्रीत जैसी वांछित अपराधी को बचाने की कोशिश नहीं कर सकती, जिसके विरुद्ध कि हरियाणा में मामले दर्ज हैं और उसे एक ‘वांटेड अपराधी’ घोषित किया गया है।

हरियाणा के डीजीपी बीएस संधू भी बचते रहे

हनीप्रीत इन्सां
हनीप्रीत की मंगलवार को की गई गिरफ्तारी के मामले में पुलिस खुलकर जवाब देती नजर नहीं आ रही है। जबकि हनीप्रीत की गिरफ्तारी उसके 38 दिन तक लापता रहने के बाद हुई है। हनीप्रीत की ओर से दो निजी चैनलों को साक्षात्कार देने के मुद्दे पर भी पुलिस घिरी हुई है।

पुलिस की कार्यप्रणाली पर सबसे बड़ा सवाल यह खड़ा हो रहा है कि आखिर किस प्रकार हनीप्रीत सड़क पर खड़ी गाड़ी में चंद मीडियाकर्मियों से बात करती रही और पुलिस को इसकी भनक तक नहीं लगी। सवाल तो यह भी उठ रहे हैं कि कहीं इस प्रकरण में हरियाणा पुलिस के वरिष्ठ अधिकारियों की संलिप्तता तो नहीं है।

इन सब सवालों का जवाब देने से हरियाणा के डीजीपी बीएस संधू भी पूरी तरह से बचते रहे। उन्होंने खुद आगे आने की बजाए पंचकूला पुलिस आयुक्त एएस चावला को आगे किया। मंगलवार को चावला ने ही पुलिस की ओर से साक्षात्कार पर सफाई दी और हनीप्रीत के गिरफ्तार होने के बाद पुष्टि की।
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डीजीपी तो पुष्टि करने से भी बचते रहे

Honeypreet Insan Arrest
डीजीपी तो पुष्टि करने से भी बचे और खुद को पीएम नरेंद्र मोदी की अगवानी में व्यस्त बताया। वह सुबह से ही चंडीगढ़ के टेकिभनकल एयरपोर्ट पर डटे हुए थे, उन्होंने मोदी के हिमाचल जाने और आने के समय अपनी उपस्थिति दर्ज कराई। इससे पहले एडीजीपी स्तर के अधिकारी ने मीडिया को दिए साक्षात्कार पर पुलिस की नाकामी का पूरा ठीकरा पंजाब पुलिस पर फोड़ दिया।

एडीजीपी स्तर के अधिकारी यह कहने से भी नहीं चूके कि पंजाब पुलिस ने ही इंटरव्यू कराया है। पंजाब सरकार और पुलिस हरियाणा की फजीहत कराना चाहती हैं। हनीप्रीत पंजाब पुलिस की ही कस्टडी में है। ये बात उन्होंने निजी चैनल के संवाददाता से फोन पर ही कही, जिसकी रिकार्डिंग भी हो गई। हालांकि, सीपी पंचकूला ने बाद में इसे सिरे से खारिज कर एडीजीपी के दावों की हवा निकाल दी।

यह एडीजीपी स्तर का अधिकारी लंबे समय से एक ही पद पर जमा हुआ है। इसके देखते-देखते चार डीजीपी की छुट्टी हो चुकी है। लेकिन, अपनी चपलता और जुगाड़ के चलते यह एक ही पद पर आसीन है। अब इसकी तरफ सबकी निगाहें इसलिए भी टेड़ी हो गई हैं, चूंकि इसका नाम भी हनीप्रीत का इंटरव्यू दो चुनिंदा चैनलों को कराने में सामने आ रहा है।
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