पंजाब स्किल डेवलपमेंट (पंजाब कौशल विकास) मिशन के तहत युवाओं को जापानी भाषा सिखाई जाएगी। 200 घंटों के इस पाठ्यक्रम को सरकार ने दो चरणों के प्रशिक्षण में विभाजित किया है। इसमें 18 से 45 वर्ष के युवाओं को प्रशिक्षण में शामिल किया जाएगा। इसके लिए जापानी दूतावास के साथ बैठकों का पहला दौर पूरा हो चुका है।
रोजगार सृजन, औद्योगिक प्रशिक्षण मंत्री चरणजीत सिंह चन्नी ने यह जानकारी दी। उन्होंने बताया कि जापानी भाषा के इस प्रशिक्षण कार्यक्रम के लिए आठवीं पास न्यूनतम योग्यता रखी गई है। उन्होंने कहा कि उम्मीदवारों को जापानी भाषा प्रवीणता परीक्षा (जेएलपीटी) के बुनियादी स्तर (एन 5) को मंजूरी देने के लिए जापानी भाषा में प्रशिक्षण दिया जाएगा।
जेएलपीटी प्रमाणीकरण के अतिरिक्त उम्मीदवारों को एक पीटीयू (पंजाब तकनीकी विश्वविद्यालय) प्रमाण पत्र पूरा करना होगा। पंजाब स्किल डेवलपमेंट मिशन के निदेशक राहुल तिवारी ने बताया कि पाठ्यक्रम का पहला चरण शुरू हो चुका है। जिसमें जापानी भाषा के प्रशिक्षक 37 प्रशिक्षकों को प्रशिक्षित कर रहे हैं।
मास्टर ट्रेनरों का बनाया गया पूल
प्रशिक्षण के पहले चरण में जापानी भाषा के मास्टर ट्रेनरों का एक पूल बनाया गया है। जिसके तहत उच्च शिक्षा विभाग, पीएसडीएम, स्कूल शिक्षा विभाग, तकनीकी शिक्षा विभाग और औद्योगिक प्रशिक्षण विभाग के साथ पंजाब तकनीकी विश्वविद्यालय के प्रशिक्षकों को प्रशिक्षित किया जाएगा।