पत्नी की हत्या में उम्र कैद की सजा सुनाए जाने के बाद माडल टाऊन एक्सटेंशन निवासी गुरमीत सिंह (42) ने शुक्रवार शाम अदालत के बाहर बने बाथरूम में जाकर सल्फास निकल लिया। अस्पताल ले जाने पर डाक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया।
थाना डिवीजन पांच के एसएचओ इंस्पेक्टर धर्मपाल ने बताया कि गुरमीत सिंह के खिलाफ फरवरी 2009 में पत्नी को जिंदा जलाकर हत्या करने के आरोप में थाना माडल टाऊन में मामला दर्ज हुआ था। उस समय पुलिस ने गुरमीत को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया था। वह चार वर्ष से जमानत पर बाहर था।
शुक्रवार को कोर्ट ने उसे हत्या में दोषी ठहराते हुए उम्रकैद की सजा सुनाई। जैसे ही न्यायाधीश ने सजा सुनाई तो वह हताश हो गया। वह कोर्ट के बाहर आया और मुलाजिमों को बाथरूम जाने के लिए कहा। उसने बेटे के हाथ से पानी की बोतल ली और बाथरूम में जाकर सल्फास निगल लिया।
जब वह बाहर आया तो मुलाजिम उसे दोबारा अदालत में फिंगर प्रिंट लेने के लिए ले गए। इसी दौरान उसके मुंह से बदबू आई तो मुलाजिमों ने उससे पूछताछ की। गुरमीत ने बताया कि उसने सल्फास निगल लिया है। उसे इलाज के लिए तुरंत एक निजी अस्पताल में दाखिल कराया गया, जहां डाक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। सूचना मिलने के बाद थाना डिविजन पांच की पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिस ने जांच के बाद शव कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए सिविल अस्पताल भेज दिया है।
एसएचओ ने कहा कि मुलाजिमों ने उसकी चेकिंग भी की थी, लेकिन पता नहीं गुरमीत ने सल्फास कहां छिपा रखी थी।