हरियाणा पुलिस के 5000 जवानों की भर्ती मामले में रिक्त 221 पदों को सीधे सामान्य श्रेणी से भरे जाने को चुनौती देने वाली याचिका का निपटारा करते हुए उच्च न्यायालय ने हरियाणा स्टाफ सेलेक्शन कमीशन (एचएसएससी) को 15 दिन के भीतर फैसला लेने के आदेश दिए हैं। याचिका दाखिल करते हुए गुरुग्राम के चंदन ने एडवोकेट मज़लिज़ खान के माध्यम से उच्च न्यायालय को बताया कि एचएसएससी ने 5000 सिपाहियों की भर्ती निकाली थी।
इनमें से 4500 पदों पर भर्ती पूरी कर ली गई और स्पेशल बैकवर्ड क्लास के 500 पद रिक्त रह गए। इन पदों को सामान्य श्रेणी से भर कर दोबारा रिजल्ट निकाला गया। जब 500 पदों को मिलाकर नए सिरे से रिजल्ट जारी किया गया तो विभिन्न श्रेणियों की कट ऑफ में काफी परिवर्तन आया। इस सब के बीच 221 आवेदक रहे जिनको 2-2 नियुक्ति पत्र दे दिए गए। ऐसे में अब 221 पद रिक्त हैं। याचिकाकर्ता ने बताया कि हरियाणा सरकार इन 221 पदों को सीधे सामान्य श्रेणी से भरने जा रही है जो गलत है।
यदि इन्हें सामान्य श्रेणी से भी भरा जाए तो इन्हें उन 5000 पदों में शामिल कर नए सिरे से रिजल्ट जारी किया जाना चाहिए। याचिकाकर्ता ने बताया कि अपनी इस मांग को लेकर उन्होंने हरियाणा स्टाफ सेलेक्शन कमीशन को एक मांग पत्र भी सौंपा है। उच्च न्यायालय ने याचिका का निपटारा करते हुए हरियाणा स्टाफ सेलेक्शन कमीशन को इस मांग पत्र पर 15 दिन के भीतर निर्णय लेने के आदेश दिए हैं।