कोविड-19 के चलते राखी के अवसर पर जेलों में बंद कैदियों को राखियां पहुंचाने के लिए पारिवारिक सदस्यों की सुविधा के लिए जेल विभाग की तरफ से दिशानिर्देश जारी किए गए हैं। इसके तहत 3 अगस्त को पंजाब की जेलों के बाहरी फाटकों पर राखियां सुबह 8.30 से शाम 5 बजे तक प्राप्त की जा सकेंगी।
एडीजीपी (जेल) परवीन कुमार सिन्हा ने सभी जेल सुपरिटेंडेंट को निर्देश दिए हैं कि राखी पर 3 अगस्त को कोई फिजिकल मुलाकात की आज्ञा नहीं दी जाए। उन्होंने कहा कि राखियां हासिल करने के लिए बाहरी फाटकों पर पूरा प्रबंध किया जाए। जो भी राखी का पैकेट गेट पर रखा जाए, वह पूरी तरह बंद हो और सैनिटाइज करने के बाद ही जेल के अंदर भेजा जाए।
एडीजीपी ने कहा कि सामाजिक दूरी का पूरी तरह पालन करने के लिए गेट के बाहर आने वाले कैदियों के पारिवारिक सदस्यों के लिए तय दूरी पर गोल चक्कर बना दिए जाएं। राखी के पैकेट पर संबंधित कैदी के नाम की स्लिप लगाई गई हो और एक घंटे के अंदर उस कैदी को राखी पहुंच जानी चाहिए। उन्होंने आगे कहा कि सुरक्षा अमले के साथ एक अधिकारी भी जेल के बाहरी गेट पर तैनात किया जाए, जो राखी के पैकेट की चेकिंग और सैनिटाइज आदि का पूरा ध्यान रखें।
कोविड-19 नियमों का पालन करते हुए जेल कर्मी मास्क और दस्ताने पहन कर ही यह पैकेट हासिल करें। एडीजीपी (जेल) ने कहा कि राखी के साथ मिठाई की आज्ञा नहीं दी जाएगी और हर पैकेट के साथ सिर्फ मिश्री का छोटा पैकेट भेजा जा सकता है जिसका प्रबंध जेल विभाग की तरफ से बाहरी गेट पर किया जाएगा। उन्होंने कहा कि खुली राखियों के लिए विभाग की तरफ से जेल के बाहर छोटे पैकेटों का भी प्रबंध किया जाएगा।