बादल गांव के अकाली नेता रणजोध सिंह ने बताया कि बुधवार शाम को जब पुलिस ने हरजोत सिंह की गाड़ी को नहर से बरामद किया तो गाड़ी पानी में डूबी नहीं थी बल्कि पानी उसके टायरों तक ही था। इसके अलावा हरजोत के दोनों फोन पुलिस को उसकी गाड़ी से मिले हैं। जहां से हरजोत का शव मिला, वह जगह गाड़ी मिलने की जगह से करीब एक किलोमीटर दूरी पर है। ऐसे में मामला संदेहजनक है।
पिता की जगह पर हुआ था भर्ती
कांस्टेबल हरजोत सिंह पिता गुरजंट सिंह की मौत के बाद मृतक आश्रित के आधार पर पुलिस में भर्ती हुआ था। मृतक के पिता गुरजंट सिंह सब इंस्पेक्टर थे और पूर्व मुख्यमंत्री बादल की सुरक्षा में ही तैनात थे।
छह माह की मासूम के सिर से उठा पिता का साया
करीब दो वर्ष पहले ही कांस्टेबल हरजोत सिंह की शादी हुई थी। उसकी पत्नी गांव माना के एक सरकारी स्कूल में अध्यापक है। हरजोत की छह माह की बेटी है।
बादल परिवार ने जताया गहरा दुख
पूर्व मुख्यमंत्री प्रकाश सिंह बादल के अलावा पूरे बादल परिवार ने हरजोत की मौत पर गहरा दुख प्रकट किया है। जैसे पूर्व मुख्यमंत्री को अपने सुरक्षा कर्मी के लापता होने के बारे में पता चला तो उन्होंने खुद पुलिस को फोन किया था।