राजिंदर कौर भट्ठल कांग्रेस वर्कर्स के साथ मीटिंग करती हुईं
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पंजाब विधानसभा चुनाव को लेकर कांग्रेस का घोषणा पत्र अक्तूबर में जारी होगी। पार्टी को दो अनुभवी और दिग्गज नेता इसे फाइनल करेंगे। अक्तूबर के आखिरी सप्ताह में इसे रिलीज कर दिया जाएगा। चुनावी घोषणा पत्र के लिए एआईसीसी प्रधान सोनिया गांधी ने स्पष्ट आदेश दिए हैं कि उन वादों को ही शामिल किया जाए जो 100 फीसदी पूरा कर सकते हैं। यह बात चुनावी घोषणा पत्र के लिए गठित कमेटी की चेयरपर्सन राजिंदर कौर भट्ठल और कनवीनर मनप्रीत सिंह बादल ने पत्रकारवार्ता में कही।
उनके साथ पूर्व मंत्री अवतार हेनरी, सांसद चौधरी संतोख सिंह भी थे। वीरवार को आयोजित प्रेसवार्ता में भट्ठल व मनप्रीत ने कहा कि घोषणापत्र प्रदेश के लोगों और संस्थाओं से इनपुट लेकर तैयार होगा। कैप्टन अमरिंदर सिंह चुनावी घोषणा पत्र में तमाम वादों को अपनी पब्लिक मीटिंग में धीरे-धीरे घोषित करेंगे। मनप्रीत ने कहा कि पीपीपी ने जब कांग्रेस में विलय किया था तो उनका 11 सूत्री एजेंडा एआईसीसी के वाइस प्रधान राहुल ने मान लिया था और पंजाब के चुनावी घोषणा पत्र में इसको शामिल करने के लिए कहा था।
पंजाब में हर परिवार को नौकरी से सूबे की अर्थव्यवस्था पर प्रभाव की बात पर मनप्रीत ने कहा कि सरकारी नौकरियों में बड़ी संख्या में पद खाली पड़े हैं। केंद्र से हम खैरात मांगने नहीं जाएंगे। सूबे में राजस्व बढ़ाने के लिए साधन अपनाए जाएंगे।
ऐसे लिए पब्लिक से इनपुट
चुनावी घोषणा पत्र के लिए मनप्रीत इनपुट लेने बुधवार रात से ही जालंधर में आए हुए थे। वह सुबह पांच बजे स्थानीय बलर्टन पार्क गए और लोगों से बातचीत की। वह सुबह अपने भाई जगबीर बराड़ के निवास पर नाश्ते के लिए पहुंचे और वहां सिटी व देहाती कांग्रेस कमेटी के पदाधिकारियों व नेताओं से बातचीत की। इसके बाद वह गांव जमशेर गए जहां सॉलिड वेस्ट प्रोजेक्ट को लेकर कांग्रेस के प्रधान जगबीर बराड़ ने झंडा उठा रखा है।
उन्होंने स्पोर्ट्स इंडस्ट्री की दिक्कतों को भी सुना। इसके बाद वह सफाई मजदूर यूनियन के प्रधान चंदन ग्रेवाल के घर पहुंचे। चंदन ग्रेवाल व अन्य सफाई मजदूर नेताओं ने कांग्रेसी नेताओं को खूब खरी खोटी सुनाई। उन्होंने कहा कि सांसद चौधरी संतोख सिंह वह भी एक बार बात पूछने नहीं पहुंचे। इसके बाद उन्होंने चिकित्सकों के साथ बैठक की।