हरियाणा में चौटाला शासन के दौरान वर्ष 2002 में 65 एचसीएस अधिकारियों की भर्ती में गड़बड़ी की जांच अब तक मुकम्मल नहीं किए जाने पर शुक्रवार को पंजाब एवं हरियाणा हाईकोर्ट ने प्रदेश सरकार को कड़ी फटकार लगाई।
जस्टिस राजीव भल्ला व जस्टिस बीएस वालिया की डिवीजन बेंच ने मामले पर टिप्पणी करते हुए कहा कि नौ साल तक जांच लंबित रखना अपने आप में ही घपला है।
बेंच ने इसके साथ ही प्रदेश सरकार से अगली सुनवाई पर मामले में अब तक हुई जांच की सीलबंद रिपोर्ट पेश करने को कहा है। अगली सुनवाई 16 दिसंबर को होगी। सरकार ने शुक्रवार को बेंच के समक्ष स्थिति रिपोर्ट पेश करते हुए जांच पूरी करने के लिए छह महीने का समय मांगा।
बेंच ने हालांकि यह जवाब रिकार्ड पर ले लिया, लेकिन साथ ही कहा कि घपले में 11 साल पहले मामला दर्ज हुआ था और विशेष जांच टीम नौ साल से क्या कर रही है? बेंच ने अब तक हुई जांच में उत्तर पुस्तिकाओं की प्रतियों की रिपोर्ट, किनकी भर्ती सही हुई और अन्य अंश सीलबंद लिफाफे में पेश करने का निर्देश दिए।